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जीडीपी के आंकड़ों पर उठाए सवाल
अखिलेश यादव ने कहा कि जीडीपी एक गणना और अनुमान है। भविष्य में जीडीपी कितनी बढ़ेगी, इसका भी अनुमान लगाया जाता है। लेकिन आम आदमी के लिए विकास की असली तस्वीर रोजगार, महंगाई और रोजमर्रा की सुविधाओं से सामने आती है। उन्होंने कहा कि आज रोजगार और नौकरियों की समस्या है। महंगाई बढ़ी हुई है और पेट्रोल-डीजल भी महंगा है।
जब जमीनी स्तर पर स्थिति में कोई बड़ा बदलाव दिखाई नहीं देता तो जीडीपी बढ़ने के दावे पर सवाल उठना स्वाभाविक है। तंज कसते हुए उन्होंने कहा, “कहीं शून्य जीडीपी तो नहीं है।” उन्होंने कहा कि इसका मतलब यही है कि व्यवस्था जैसी पहले चल रही थी, वैसी ही अब भी दिखाई दे रही है और जमीन पर कोई बड़ा बदलाव नजर नहीं आ रहा।
सहारनपुर की कार्रवाई पर सरकार को घेरा
सहारनपुर में मस्जिद पर हुई कार्रवाई का जिक्र करते हुए अखिलेश ने कहा कि समाज तभी मजबूत होगा, जब लोग दूसरे धर्म का सम्मान करेंगे। उनके अनुसार सच्चा सनातनी, संत और हिंदू कभी दूसरे धर्म का अपमान नहीं कर सकता और न ही किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचा सकता है।
उन्होंने भारतीय परंपरा में वसुधैव कुटुंबकम के भाव का उल्लेख करते हुए कहा कि देश के प्रधानमंत्री विदेश जाते हैं तो दुनिया को भी यही संदेश देते हैं कि पूरी धरती एक परिवार है। ऐसे में सभी धर्मों और समुदायों के लोगों को मिल-जुलकर रहना और एक-दूसरे की भावनाओं का सम्मान करना चाहिए।
सड़क, एंबुलेंस और पुलिस व्यवस्था पर निशाना
बिधूना क्षेत्र की सड़कों का जिक्र करते हुए अखिलेश ने कहा कि जहां तक फोरलेन बनी थी, उसके आगे सड़क फोरलेन नहीं बन पाई। सड़कों पर गड्ढे हैं। उन्होंने एंबुलेंस और 100 नंबर सेवा की स्थिति पर भी सवाल उठाए। पुलिस व्यवस्था पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि पुलिस अन्याय कर रही है और अन्याय करने की जगह ढूंढ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जैसे ही हथेली गरम होती है, पुलिस नरम हो जाती है।
गौरव रघुवंशी के घर पहुंचे
दोपहर में अखिलेश यादव दिवंगत सपा नेता गौरव रघुवंशी के घर पहुंचे। उनके पहुंचते ही समर्थकों और कार्यकर्ताओं की भीड़ मंच पर चढ़ गई, जिससे वहां अफरातफरी की स्थिति बन गई। स्थिति को देखते हुए अखिलेश वहां से वापस लौट गए और पूर्व सपा नेता अमर सिद्दीकी के घर पहुंचे। उन्होंने परिवार के लोगों से मुलाकात की। इसके बाद करीब दोपहर दो बजे वह दोबारा गौरव रघुवंशी के घर पहुंचे। इस दौरान भी बड़ी संख्या में समर्थक मौजूद रहे।
गौरव के निधन पर जताया दुख
अखिलेश यादव ने गौरव रघुवंशी के निधन पर दुख जताते हुए कहा कि वह कम उम्र के नौजवान और पार्टी के जिम्मेदार कार्यकर्ता थे। उन्होंने कहा कि अगर उन्हें सही समय पर पूरा इलाज मिल जाता तो शायद वह आज उनके बीच होते।उन्होंने कहा कि कई बार व्यस्तता के कारण लोग समय पर स्वास्थ्य परीक्षण नहीं करा पाते। गौरव को ब्रेन हैमरेज या उससे संबंधित शिकायत के बाद अस्पताल ले जाया गया था। अखिलेश ने कहा कि अगर उन्हें तत्काल जरूरी इलाज मिल जाता तो शायद उनकी जान बचाई जा सकती थी।
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