हापुड़ के बदनौली में पुरानी रंजिश को लेकर हुई मारपीट और फायरिंग में दीपक की मौत होने के मामले में सियासत तेज हो गई है। मृतक के परिजनों से मिलने जा रहे सपा सांसद रामजी लाल सुमन को पुलिस द्वारा गांव के बाहर रोके जाने को लेकर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा पर निशाना साधा है। उन्होने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि जैसे-जैसे चुनाव पास आ रहे हैं भाजपा की हताशा बढ़ती जा रही है, इसीलिए पीडीए समाज के लोगों का उत्पीड़न बढ़ रहा है। जिला हापुड़ के गांव बदनौली में दलित युवक दीपक की गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी गई। मृतक दीपक के परिवार से मिलने और उन्हें सांत्वना देने जा रहे सांसद एवं राष्ट्रीय महासचिव श्री रामजीलाल सुमन जी को भारी पुलिस बल द्वारा रास्ते में रोके जाने पर विरोध प्रदर्शन किया।
आपको बता दें सपा सांसद जब बदनौली गांव के पास पहुंचे तो पुलिस ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोक लिया। सांसद ने कहा कि हमारे देश की परम्परा है किसी के घर पर कोई हादसा हो जाता है तो घर पर बैठ कर शोक व्यक्त कर सांत्वना देने के लिए जाते हैं। यह कोई तरीका नहीं है। इसको लेकर सांसद और पुलिस को नोकझोंक हो गई। करीब आधा घंटे बाद पुलिस ने वहीं पर मृतक के पिता, भाई व अन्य परिजन से बुलवाकर सांसद से वार्ता कराई। सांसद ने पुलिस और प्रशासन के अधिकारियों से गुणदोष के आधार पर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और आर्थिक मदद दिलाने के लिए कहा।
सांसद ने साफ कहा कि वह बिना परिवार से मिले वापस नहीं लौटेंगे। सांसद रामजी लाल सुमन ने कहा कि वह ग्राम बदनौली में दीपक के परिवार को सांत्वना देने के लिए आए थे। तकलीफ के साथ कहना पड़ता है कि यह परिवार अत्याधिक निर्धन है। परिवार में तीन लड़कियां हैं, दो लड़के थे, जिसमें से एक लड़के दीपक की मृत्यु हो गई। छोटा भाई सरदार भी बेरोजगार है। यह मानवीय संवेदना का सवाल था। इसी लिए वह परिवार से मिलने के लिए आए थे।
बुधवार को जब सांसद रामजी लाल सुमन ने गांव बदनौली में जाने का प्रयास किया तो पुलिस ने उन्हें रोक लिया। उन्होंने कहा कि यह कोई तरीका नहीं है। आप पकड़ने के लिए आए हो। इस पर पुलिस ने कहा कि हम आपको पकड़े के लिए थोड़ी आए हैं, हमें सिर्फ सहयोग चाहिए। अनुरोध करने के लिए आए हैं। पुलिस ने सांसद से गाड़ी में बैठने का अनुरोध किया तो उन्होंने मना कर दिया और पेड़ के नीचे खड़े हो गए। सांसद ने कहा कि पुलिस उनके साथ चले पीड़ित के परिवार के घर वह बैठ कर सांत्वना देकर लौट जाएंगे। पुलिस ने सांसद से अनुरोध किया कि वह दो चार दिन स्थिति सामान्य होने पर आए, उनकी मुलाकात कराई जाएगी। वह उन्हें न समझाएं।
सांसद ने कहा कि क्या हम बम चलाने या तोप चलाने जा रहे हैं, जो उन्हें रोका जा रहा है। हमारे देश की परम्परा है जहां किसी के घर पर कोई हादसा हो जाता है तो घर पर बैठ कर शोक व्यक्त कर सांत्वना देने के लिए जाते हैं। यहां आने के संबंध में उन्होंने पार्टी के पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं तक को जानकारी नहीं हो, वह चुपचाप दो गाड़ी लेकर आ गए। थाना प्रभारी सुरेश कुमार ने कहा कि शांति व्यवस्था बनाने के लिए रोका जा रहा है। इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। अन्य आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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