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नेपाल में 26 अगस्त को आई भीषण बाढ़ का असर अब बिहार के मैदानी इलाकों में भी दिखाई देने लगा है। उत्तर बिहार में सीमावर्ती जलसंग्रहण क्षेत्रों से पानी छोड़े जाने के कारण नदियों के जलस्तर में लगातार उतार-चढ़ाव हो रहा है। मुजफ्फरपुर में जहां नारायणी नदी के जलस्तर में कमी दर्ज की जा रही है, वहीं जिले में बाढ़ की प्रमुख वजह बनने वाली बागमती नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। हालांकि, जिला प्रशासन के मुताबिक फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है। प्रशासन ने लोगों से घबराने के बजाय सतर्क रहने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है।
बागमती नदी सबसे अधिक संवेदनशील, जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी
जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग, मुजफ्फरपुर की ओर से जिले से होकर गुजरने वाली तीन प्रमुख नदियों बूढ़ी गंडक, बागमती और गंडक के ताजा जलस्तर के आंकड़े जारी किए गए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, इन तीनों नदियों में फिलहाल बागमती की स्थिति सबसे अधिक संवेदनशील बनी हुई है।
बूढ़ी गंडक अभी सुरक्षित दायरे में
मुजफ्फरपुर के सिकंदरपुर स्थित मापक केंद्र पर बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर 47.25 मीटर दर्ज किया गया है और फिलहाल यह स्थिर बना हुआ है। बूढ़ी गंडक के लिए खतरे का निशान 52.53 मीटर है। इस लिहाज से नदी अभी सुरक्षित दायरे में बह रही है और फिलहाल इससे तत्काल बाढ़ का खतरा नहीं है।
गंडक नदी का जलस्तर घटने से राहत
रेवाघाट स्थित मापक केंद्र पर गंडक नदी का जलस्तर 53.32 मीटर रिकॉर्ड किया गया है। गंडक के लिए खतरे का निशान 54.41 मीटर है। राहत की बात यह है कि गंडक नदी के जलस्तर में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। इससे निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को फिलहाल राहत मिली है।
24 घंटे निगरानी, संवेदनशील तटबंधों की सुरक्षा बढ़ाई
बाढ़ की संभावित स्थिति को देखते हुए जिलाधिकारी कुमार गौरव और आपदा प्रबंधन विभाग की टीमें प्रभावित एवं संवेदनशील क्षेत्रों पर चौबीसों घंटे नजर रख रही हैं। सभी संवेदनशील तटबंधों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है और बाढ़ नियंत्रण कक्ष को सक्रिय कर दिया गया है। जिला प्रशासन ने स्थानीय अभियंताओं और अंचल अधिकारियों को लगातार क्षेत्र में गश्त करने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने का निर्देश दिया है। निचले और संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री तथा नावों की उपलब्धता का आकलन भी पूरा कर लिया गया है।
अफवाहों से बचने की अपील
प्रशासन ने लोगों से सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। अधिकारियों ने कहा है कि लोग बाढ़ और नदियों के जलस्तर से जुड़ी जानकारी के लिए केवल प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। फिलहाल मुजफ्फरपुर में स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है, लेकिन बागमती नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने निगरानी और तैयारियां तेज कर दी हैं।
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