सीएम योगी आदित्यनाथ शनिवार को बलिया के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे। साथ ही पकहां ग्राम पंचायत के मौजा मलाफरपुर में बाढ़ पीड़ितों में राहत सामग्री का वितरण भी करेंगे। सीएम दोपहर 12.55 से 1.45 बजे तक जिले में रहेंगे। प्रोटोकॉल के अनुसार, सीएम योगी आदित्यनाथ शनिवार की दोपहर 12.25 बजे देवरिया के मझौली तप्पा हवेली स्थित हेलीपैड से बलिया के लिए रवाना होंगे। बलिया जिले में बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण करने के बाद मलाफरपुर बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री बांटेंगे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन को लेकर बांसडीह विस क्षेत्र के पकहां ग्राम पंचायत के मलाफरपुर में तैयारियां शुक्रवार को जोर-शोर से चल रही थी। जर्मन हैंगर टेंट, हेलीपैड, बैरिकेडिंग निर्माण को अंतिम रूप दिया गया। विधायक केतकी सिंह ने कार्यक्रम की सफलता के लिए डीएम मंगला प्रसाद सिंह, एसपी ओमवीर सिंह के साथ निरीक्षण किया। वहीं डीआईओएस ने बताया कि जिन स्कूलों में बसों से बच्चों को लाया जाता है वह आज बंद रहेंगे। सभी माध्यम के स्कूलों पर यह आदेश लागू होगा।
विधायक और डीएम ने जर्मन हैंगर के पूरब व पश्चिम दिशा में साइज बढ़ाने का निर्देश दिया। मंच की साइज भी बढ़ाने को कहा। मंच के कुछ ही दूरी बने सेफ हाउस को भी अधिकारियों ने देखा। लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों की देखरेख में बने हेलीपैड को भी जिलाधिकारी ने देखा तथा खेत के चारों तरफ बैरिकेडिंग का निर्देश दिया। सड़क किनारे कई जगहों पर पार्किंग बनाया गया। अभिसूचना इकाई व पुलिस की जांच एजेंसियों की टीम पहुंची है और विभिन्न जानकारियां भी जुटा रही है।
प्रशासन की ओर से लगभग 50 बाढ़ पीड़ितों की सूची तैयार की गई है, जिन्हें सीएम योगी आदित्यनाथ राहत सामग्री का वितरण करेंगे। विधायक केतकी सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री के साथ सिंचाई मंत्री स्वतंत्र देव सिंह और जिले के प्रभारी मंत्री दयाशंकर मिश्र दयालु भी भी आ रहे हैं। बांसडीह विधानसभा क्षेत्र से हजारों कार्यकर्ता मुख्यमंत्री का स्वागत करेंगे। डीएम मंगला प्रसाद सिंह व एसपी ओमवीर सिंह के साथ ही अन्य अधिकारी देर तक कार्यक्रम स्थल पर जमे रहे। क्षेत्रीय विधायक केतकी सिंह के साथ ही भाजपा पदाधिकारी भी तैयारियों में जुटे हैं।
गंगा नदी के जल स्तर में घटाव का क्रम अनवरत जारी है। हालांकि इसके बाद भी नदी अपने खतरा बिंदु से ऊपर बह रही है। जल आयोग की रिपोर्ट के अनुसार शुक्रवार शाम चार बजे गायघाट गेज पर गंगा का जल स्तर 58.140 मीटर दर्ज किया गया। जलस्तर अब भी खतरा बिंदु 57.615 मीटर से 53 सेमी ऊपर बह रहा है। लेकिन जलस्तर में एक सेमी प्रति घंटे का घटाव हो रहा है। घटाव के बाद इसका जलस्तर अपने अपने खतरा बिंदु 64.010 मीटर से 31 सेमी नीचे उतर आया है। आठ घंटों में तीन सेमी का घटाव दर्ज किया गया है। घटाव के बाद इन नदियों के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के लोग अब राहत महसूस कर रहे है।
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