जब वाशिंगटन में ट्रम्प‑शी जिनपिंग की हाई‑प्रोफ़ाइल मुलाकात पर सारी आँखें टिकी थीं, एक और चेहरा लगातार कैमरों के फोकस में रहा – मैडम पेंग लियुआन, 63‑वर्षीय चीन की फर्स्ट लेडी।
पेंग सिर्फ राष्ट्रपति की पत्नी नहीं; वह एक ऐसी शख्सियत हैं जिनके संगीत‑संबंधी पृष्ठभूमि और कूटनीतिक शैली ने चीन की सॉफ्ट पावर को वैश्विक मंच पर मजबूती दी है। उनका प्रभाव अमेरिकी दौरे में भी साफ़ दिखा।
ट्रम्प ने एयरपोर्ट पर उनका स्वागत करते हुए “beautiful” शब्द का प्रयोग किया, और कूटनीतिक सर्कल में उन्हें अक्सर “मैडम पेंग” कहा जाता है।
अमेरिका में फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रम्प के साथ बिना अनुवादक के अंग्रेज़ी में सहज बातचीत करते देख मीडिया में चर्चा छा गई।
पेंग लियुआन का सफ़र 1962 में शानडोंग में जन्म से शुरू हुआ। उन्होंने लोक‑ओपेरा में महारत हासिल की, CCTV के न्यू ईयर गाला में नियमित रूप से मंच सजाया और उनकी आवाज़ करोड़ों लोगों तक पहुँची।
शी जिनपिंग राष्ट्रीय राजनीति के शिखर पर नहीं पहुँचने से पहले ही पेंग की लोकप्रियता कई मायनों में उनसे आगे थी; वह पहले से ही जनता की पसंदीदा शख्सियत थीं।
इतिहास में माओ की पत्नी जियांग छिंग भी कला‑मंच से जुड़ी थीं, पर पेंग ने सफल गायिका का मुकाम हासिल किया, जबकि जियांग छिंग मुख्यतः अभिनेत्री और सांस्कृतिक राजनैतिक शख्सियत के रूप में जानी गईं।
मैडम पेंग और शी की मुलाक़ात 1986 में एक साझा दोस्त के माध्यम से हुई। उस समय पेंग 24‑साल की लोकप्रिय लोक गायिका थीं, जबकि शी 33‑साल के फुजियान के डिप्टी मेयर और तलाकशुदा थे। शी ने पेंग की गायकी के बारे में पूछे सवालों से उनका दिल जीत लिया और सिर्फ 40 मिनट में तय कर लिया कि वह उनकी पत्नी बनेंगी। कुछ महीनों की कोर्टशिप के बाद, सितंबर 1987 में शियामेन में उनका सादा विवाह हुआ; चार दिन बाद पेंग अपने गायकी टूर पर निकल पड़ी। उनका एक ही बच्चा, शी मिंगज़े, 1992 में जन्मा।
पेंग के पास वह “स्टार पावर” थी जो सरकारी प्रेस कॉन्फ्रेंस से नहीं मिलती। मंच पर उनका आत्मविश्वास, मुस्कुराहट और संगीत पहचान ने चीन की फर्स्ट लेडी की भूमिका को नया रूप दिया। 2013 में शी के प्रथम अमेरिकी दौरे में, पेंग की मौजूदगी ने अमेरिकी मीडिया का खास ध्यान आकर्षित किया।
अंग्रेज़ी में उनकी सहजता ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर उनकी प्रभावशीलता को और बढ़ा दिया। उन्होंने मेलानिया ट्रम्प के साथ बिना अनुवादक के बातचीत की, और युवा वर्ग से सीधे संवाद करके उन्हें चीनी भाषा व संस्कृति सीखने के लिए प्रेरित किया।
व्हाइट हाउस के स्टेट डिनर में पेंग ने स्मिथसोनियन नेशनल म्यूज़ियम ऑफ एशियन आर्ट में युवा गायक मंडली के साथ “जैसमिन फ्लावर” गाया। बच्चों ने उन्हें “मदर पेंग” कहकर संबोधित किया, और उनका लाल गाउन‑अंदाज़ तथा मेलानिया ट्रम्प के साथ सहज बातचीत ने मीडिया की नजरें फिर से अपनी ओर खींच लीं।
संक्षेप में, पेंग लियुआन चीन की सॉफ्ट पावर की सुंदर मिसाल हैं। उनका कला, व्यक्तित्व और कूटनीति का संगम एक ऐसा संदेश देता है जो सत्ता के कठोर चेहरे को नरम बनाता है।
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