यूपी के लखनऊ में बैंक अफसर मानस बाजपेयी ने जिस आटो से आईसीआईसीआई बैंक के बाहर पहुंचकर पत्नी दिव्या की गोली मार कर हत्या की उस ऑटो चालक को गोमतीनगर पुलिस ने शुक्रवार को हिरासत में ले लिया। ऑटो चालक ने पुलिस बताया कि पत्नी को गोली मारने के बाद मानस तुरंत ऑटो पर सवार हुआ। उसने कहा कि तत्काल उसे हुसड़िया स्थित घर पहुंचा दो। मना किया तो मानस ने दोनों असलहे कनपटी पर सटा दिए और गोली मार कर भेजा उड़ाने की धमकी दी थी।
पुलिस के मुताबिक आटो चालक मिर्जापुर जनपद के कछुआ गांव का रहने वाला प्रमोद है। वह करीब 15 साल से हुसड़िया चौराहे के पास पार्क के पास रहता है। पहले टेंपो चलाता था अब कुछ साल से आटो चला रहा है। अक्सर मानस उन्हें मोहल्ले में आते जाते दिखता था। बुधवार रात मानस ने तीन दिन के लिए आटो बुक किया था। कहा था कि उसे कुछ काम है। इसके बाद मानस ने मोबाइल नंबर ले लिया और कहा कि जब भी वह बुलाए तो आटो लेकर आ जाना। गुरुवार सुबह करीब 11:30 बजे मानस ने फोन कर बुलाया। हुसड़िया चौराहे पर मानस मिला और उसने कहा कि मिठाई वाला चौराहे पर चलेगा।
वहां पहुंचकर मानस आटो से उतरा। कुछ देर तक वहां इंतजार करता रहा। आटो चालक ने बताया कि वह नहीं जानता था कि दिव्या उसकी पत्नी है। कुछ देर बाद दिव्या आई। मानस ने उसे रोका और पीटा। चालक ने बताया कि जबतक वह कुछ समझता मानस ने दिव्या को गोली मार दी। गोली लगते ही दिव्या गिर गई और मानस आटो में बैठ गया। वाक्या देखकर डर गया। गाड़ी आगे नहीं बढ़ा पा रहा था। मानस तेजी से चिल्लाया और कनपटी पर दोनों और असलहा सटा दिया। बोला तुरंत घर पर ले चलो नहीं तो तुम्हारा भी भेजा खोल दूंगा। रास्ते भर वह कनपटी पर असलहा लगाए रहा।
प्राथमिक जांच में चालक के हत्या में शामिल होने के कोई साक्ष्य पुलिस को नहीं मिले हैं। हालांकि पुलिस ने अभी उसे क्लीनचिट नहीं दी है। उसकी भूमिका की अन्य बिंदुओं पर जांच जारी है। पुलिस की तफ्तीश में चालक तीन महीने से शहर के बाहर नहीं गया। चालक की काल डिटेल्स में भी पुलिस को अभी कोई ऐसे साक्ष्य नहीं मिले हैं जिससे वह वारदात में शामिल रहा हो।
गोमतीनगर पुलिस अब मानस को असलहा बेचने वाले गिरोह का नेटवर्क खंगाल रही है। पुलिस ने मानस की काल डिटेल्स का ब्योरा टेलीकाम कंपनी से मांगा है। इसके साथ ही बिहार के मुंगेर से और असलहा तस्करी से जुड़े कई अन्य गिरोह पुलिस की रडार पर हैं। इंस्पेक्टर ब्रजेश चंद्र तिवारी ने बताया कि जल्द ही गिरोह से जुड़े लोगों को गिरफ्तार किया जाएगा।
प्रज्ञा ने सोशल मीडिया पर शुक्रवार को एक काफी लंबी पोस्ट की। उन्होंने मानस पर बहन को प्रताड़ित करने का आरोप लगाया। लिखा कि बहन मानस की हरकतों से परेशान रहती थी। वह रिश्ता बचाने की कोशिश कर रही थी। मानस ने हत्या कर दी। छोटी-छोटी बात पर उसे प्रताड़ित करता था। इसके अलावा कई अन्य गंभीर आरोप लगाए। प्रज्ञा ने यह भी लिखा कि उन्हें शक था कि मानस उनकी बहन की हत्या कर देगा।
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