मुरादाबाद के रानीनागल गांव में तीन बच्चों की मां तबस्सुम की शादी इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। करीब पांच साल पहले सड़क हादसे में पति रियाजुल की मौत के बाद तबस्सुम अपने 3 बच्चों के साथ ससुराल में रहकर उनका पालन-पोषण कर रही थीं। अब उन्होंने मोहम्मद उमर के साथ नई जिंदगी शुरू करने का फैसला किया है। उमर छह बच्चों के पिता हैं। उनकी पहली पत्नी भी अब उनके साथ नहीं रहतीं और उन्होंने दूसरी शादी कर ली है। दोनों के साथ आने के बाद नई गृहस्थी में कुल नौ बच्चों की जिम्मेदारी जुड़ गई है।
बताया गया कि तबस्सुम की मुलाकात कोरबांकू निवासी मोहम्मद उमर से हुई। उमर मैकेनिक का काम करते हैं। बातचीत बढ़ने के बाद दोनों ने एक-दूसरे को समझा और साथ रहने का फैसला कर लिया। परिवार की जानकारी के बिना दोनों ने कलियर शरीफ जाकर निकाह कर लिया। इसके बाद कोर्ट मैरिज भी की। शादी की जानकारी जब परिवार और रिश्तेदारों को हुई तो विरोध शुरू हो गया। मामला बढ़ने पर गांव में पंचायत बुलाई गई।
ग्राम प्रधान जाहिद हुसैन की मौजूदगी में हुई पंचायत में दोनों पक्षों की बात सुनी गई। तबस्सुम और उमर से भी उनके फैसले के बारे में पूछा गया। दोनों ने स्पष्ट कहा कि उन्होंने अपनी मर्जी से शादी की है और अब एक-दूसरे के साथ रहना चाहते हैं। पंचायत में तबस्सुम के ससुराल पक्ष ने भी अपना पक्ष रखा। बताया गया कि उनके फैसले के बाद ससुराल पक्ष ने भविष्य में उनसे संबंध नहीं रखने की बात कही। इसके बाद पंचायत में मोहम्मद उमर ने तबस्सुम और उनके तीन बच्चों की जिम्मेदारी लेने की बात कही। बताया गया कि किराए के मकान, खरीदे गए प्लॉट और बच्चों की जिम्मेदारी को लेकर हलफनामा भी दिया गया। सहमति बनने के बाद पंचायत खत्म हो गई।
पंचायत के बाद तबस्सुम अपने तीन बच्चों और गृहस्थी के सामान के साथ उमर के साथ नए घर के लिए रवाना हो गईं। उमर के छह बच्चे पहले से हैं। इस तरह दोनों के साथ आने के बाद परिवार में कुल नौ बच्चे हो गए हैं। हालांकि, सभी बच्चों के एक साथ रहने की व्यवस्था क्या होगी, इसे लेकर अभी स्थिति स्पष्ट नहीं है। तबस्सुम के पति की मौत के बाद पिछले पांच वर्षों में उन्होंने अकेले बच्चों की जिम्मेदारी संभाली। दूसरी ओर उमर भी अपने पुराने वैवाहिक जीवन से अलग हो चुके थे। मुलाकात के बाद दोनों ने परिवार की नाराजगी के बावजूद साथ जिंदगी बिताने का निर्णय लिया। पहले निकाह और फिर कोर्ट मैरिज करने के बाद दोनों पंचायत के सामने भी अपने फैसले पर कायम रहे।
रानीनागल गांव में फिलहाल इसी रिश्ते की चर्चा है। ग्रामीणों के बीच सबसे ज्यादा चर्चा इस बात को लेकर है कि दोनों ने पारिवारिक विरोध के बावजूद अपने फैसले को नहीं बदला। पंचायत में सहमति बनने के बाद अब तबस्सुम और उमर ने नौ बच्चों के साथ नई गृहस्थी शुरू की है। आगे उनकी जिंदगी में सिर्फ पति-पत्नी के रिश्ते की नहीं, बल्कि नौ बच्चों की जिम्मेदारी संभालने की चुनौती भी होगी।
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