पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम उपचुनाव में राजनीतिक परिदृश्य में बड़ा बदलाव आया है। ममता बनर्जी ने घोषणा की कि उनका गुट अब इस सीट पर अपना कोई उम्मीदवार नहीं उतारेगा और कांग्रेस के मिलन प्रधान को अपना समर्थन देगा। यह निर्णय ममता के गुट की उम्मीदवार संचिता प्रधान डे के नामांकन वापस लेने के बाद आया।
संचिता प्रधान डे ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से नबन्ना में मुलाकात के बाद अचानक चुनावी मैदान से हटने का संकेत दिया था। उनके हटने के बाद ममता ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने उन्हें फोन करके समर्थन की पुष्टि की थी। उन्होंने INDIA गठबंधन के प्रति पूर्ण एकजुटता जताते हुए कहा कि सभी मिलकर इस लड़ाई को जीतेंगे।
ममता ने अरविंद केजरीवाल के ट्वीट का भी उल्लेख किया और कहा कि गठबंधन के सभी पार्टनर एकजुट होकर आगे बढ़ेंगे। साथ ही उन्होंने चुनाव आयोग और बीजेपी पर कई आरोप लगाए, जिसमें EVM की हाईजैकिंग, SIR का इस्तेमाल और मतगणना में CRPF की भागीदारी शामिल है। उन्होंने कहा कि यह लोकतंत्र के इतिहास में काला दिन है।
ममता ने यह भी कहा कि TMC के 29‑साल पुराने बैंक खाते को फ्रीज कर दिया गया है और पुलिस उनके कार्यकर्ताओं पर बीजेपी में शामिल होने का दबाव बना रही है। उन्होंने बताया कि लगभग 14,000 कार्यकर्ता जेल में हैं और खुद भी हाउस अरेस्ट में हैं, जबकि उनके कार्यकर्ताओं को उनसे मिलने की अनुमति नहीं दी जा रही।
नंदीग्राम उपचुनाव के लिए पहले ममता के गुट ने संचिता प्रधान डे को उम्मीदवार बनाया था, जिसका नाम 13 सितंबर को घोषित हुआ था। वहीं बीजेपी ने हसीरानी रथ को उम्मीदवार रखा है, जो शुभेंदु अधिकारी के पूर्व निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की मां हैं। कांग्रेस ने मिलन प्रधान को टिकट दिया है, और वाम मोर्चे ने भी अपना उम्मीदवार घोषित किया है।
TMC के दो फर्ज़ी गुटों के बीच नाम‑सिंबल की लड़ाई ने भी नया मोड़ लिया है। चुनाव आयोग ने ममता के गुट को "Mamata All India Trinamool Congress" नाम और फुटबॉल खिलाड़ी का चुनाव चिह्न दिया, जबकि अरूप रॉय के गुट को "Democratic Trinamool Congress" नाम और लिफाफा चिह्न मिला। दोनों को पुराने "All India Trinamool Congress" नाम और "जोड़ा घास फूल" चिह्न इस्तेमाल करने से रोका गया है।
ममता ने कहा कि यह अंतरिम आदेश है और पार्टी इसे कानूनी तौर पर चुनौती देगी। उन्होंने दृढ़ता से कहा कि वह अपनी आखिरी सांस तक ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस नहीं छोड़ेंगी और TMC की संस्थापक चेयरपर्सन का दर्जा बनाए रखेंगी।
राज्य में 6 अक्टूबर को नंदीग्राम और रेजीनगर दो विधानसभा सीटों पर उपचुनाव निर्धारित हैं, जिसके परिणाम 9 अक्टूबर को घोषित होंगे। इन दो सीटों पर पिछले चुनाव में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने जीत दर्ज की थी, लेकिन बाद में नंदीग्राम सीट छोड़ने का फैसला किया, जिससे यह सीट रिक्त हो गई।
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