यूपी के कैराना के गांव तितरवाड़ा में सनसनीखेज वारदात से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। पत्नी से अवैध संबंध के शक में गांव में कथित प्रेमी की हत्या करने महिला का पति अपने साथी बदमाशों के आ धमका। ग्रामीणों ने जब घेर लिया तो बदमाशों ने फायरिंग कर गांव के एक अन्य युवक की गोली मारकर हत्या कर दी। ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए दो बदमाशों को दबोच लिया, जबकि मुख्यारोपी बिलाल और उसके अन्य साथी फरार हो गए। ग्रामीणों ने दोनों बदमाशों को पकड़ पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तमंचा, पिस्टल, खोखा कारतूस और बिना नंबर की बाइक बरामद की है। फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।
रात में कुछ नकाबपोश बदमाश गांव में घुस आए। पुलिस के मुताबिक गांव में सद्दाम नामक युवक की हत्या करने के इरादे से बदमाश गांव में आए थे। तमंचे लिए बदमाशों को देख ग्रामीणों ने उनका पीछा शुरू कर दिया। इस पर बदमाशों ने फायरिंग शुरू कर दी। ग्रामीणों ने बदमाशों का पीछा करना जारी रखा। इसी दौरान ईदगाह के पास हुई फायरिंग में 35 वर्षीय तसव्वर के पेट में गोली लगी। इस पर ग्रामीणों ने दो बदमाशों को दबोच लिया, उनको जमकर धुना। इस बीच घायल तसव्वर को शामली जिला अस्पताल भेजा गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों द्वारा पकड़े गए दोनों बदमाशों को हिरासत में लिया। आरोपियों की पहचान मुबारिक निवासी बापौली पानीपत व सोनिज निवासी गांव मंडावर कैराना के रूप में हुई। दोनों आरोपी भी घायल अवस्था में थे, जिनका पुलिस ने मेडिकल कराया। फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए। मृतक तसव्वर के भाई सनव्वर ने मामले में सोनिज निवासी मंडावर, मुबारिक निवासी बापौली हरियाणा, बिलाल उर्फ बिल्लू निवासी मंसूरा झिंझाना और गौरव निवासी ऊंचागांव को नामजद करते हुए अन्य अज्ञात के विरूद्ध मुकदमा दर्ज कराया। रात में मामला जानलेवा हमले की धारा में दर्ज किया गया लेकिन तसव्वर की मौत के बाद हत्या की धारा में तरमीम कर दिया गया।
कोतवाली प्रभारी निरीक्षत सतीश कुमार ने बताया कि मुबारिक से तमंचा, कारतूस तथा सोनिज से पिस्टल बरामद हुई है। बिना नंबर की बाइक भी मिली है। एएसपी सुमित शुक्ला ने बताया कि जांच में सामने आया है कि बिलाल उर्फ बिल्लू की पत्नी तितरवाड़ा की रहने वाली है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उसका गांव के सद्दाम से प्रेम प्रसंग चल रहा था। इसी के चलते बिलाल के साथ मिलकर सभी ने सद्दाम की हत्या की योजना बनाई थी। बदमाश सद्दाम को निशाना बनाने पहुंचे थे, लेकिन ग्रामीणों के विरोध और पीछा करने के दौरान तसव्वर को गोली लग गई।
तसव्वर के भाई फुरकान उर्फ मोटे पर कई मामले दर्ज थे, जिसके चलते 22 अक्टूबर 2017 को उसकी बुढ़ाना पुलिस के साथ मुठभेड़ हुई थी और उसकी मौत हो गई थी। पुलिस ने बताया कि तसव्वर पर भी लूट समेत करीब आठ मुकदमे दर्ज हैं।
बताया जा रहा है कि फिलहाल तसव्वर सड़क पर टाइल लगाने का काम कर परिवार का पालन-पोषण करता था। उसकी मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया। मृतक के चार बच्चे बताए गए हैं। पुलिस का कहना है कि घटना में फरार अन्य आरोपियों को शीघ्र ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
Comments ()
Be the first to share your perspective on this story!