Monday, 19 October 2026 | New Delhi, 28°C
For You Uttar Pradesh Technology World Gorakhpur Shahjahanpur Meerut Jharkhand Prayagraj Bijnor Auraiya Gopalganj Agra
Breaking
MARKETS
NIFTY 50 ₹24,520.80 ▲ +118.40 (+0.48%)
SENSEX ₹80,430.15 ▲ +432.10 (+0.54%)
BANK NIFTY ₹51,280.60 ▲ +315.80 (+0.62%)
NIFTY IT ₹41,890.30 ▲ +462.50 (+1.12%)
NIFTY AUTO ₹25,480.00 ▲ +240.20 (+0.95%)
NIFTY PHARMA ₹21,650.40 ▲ +185.30 (+0.86%)
NIFTY METAL ₹9,420.70 ▲ +112.40 (+1.21%)
RELIANCE ₹2,980.50 ▲ +25.10 (+0.85%)
TCS ₹4,250.00 ▲ +50.40 (+1.20%)
HDFC BANK ₹1,645.20 ▲ +7.40 (+0.45%)
ICICI BANK ₹1,215.30 ▲ +14.60 (+1.22%)
INFOSYS ₹1,820.10 ▲ +25.15 (+1.40%)
BHARTI AIRTEL ₹1,480.00 ▲ +18.20 (+1.24%)
ITC ₹495.60 ▲ +3.40 (+0.69%)
L&T ₹3,620.00 ▲ +42.00 (+1.17%)
SBI ₹824.50 ▲ +11.20 (+1.38%)
TATA MOTORS ₹1,090.80 ▲ +18.70 (+1.75%)
HCL TECH ₹1,680.40 ▲ +22.10 (+1.33%)
SUN PHARMA ₹1,745.00 ▲ +15.50 (+0.90%)
BAJAJ FINANCE ₹6,850.00 ▲ +75.00 (+1.11%)
MARUTI SUZUKI ₹12,450.00 ▲ +160.00 (+1.30%)
ASIAN PAINTS ₹2,950.00 ▼ -15.00 (-0.51%)
TATA STEEL ₹156.40 ▲ +2.30 (+1.49%)
NTPC ₹412.10 ▲ +7.35 (+1.82%)
POWERGRID ₹338.25 ▲ +3.15 (+0.94%)
AXIS BANK ₹1,180.50 ▲ +9.80 (+0.84%)
KOTAK MAHINDRA ₹1,795.00 ▲ +12.50 (+0.70%)
TITAN ₹3,460.00 ▲ +38.00 (+1.11%)
ULTRATECH ₹11,280.00 ▲ +145.00 (+1.30%)
M&M ₹2,840.00 ▲ +45.00 (+1.61%)
ADANI ENT ₹3,120.00 ▲ +35.00 (+1.13%)
ADANI PORTS ₹1,490.00 ▲ +21.00 (+1.43%)
BAJAJ FINSERV ₹1,620.00 ▲ +14.00 (+0.87%)
COAL INDIA ₹524.80 ▲ +12.10 (+2.36%)
ONGC ₹318.45 ▲ +5.20 (+1.66%)
WIPRO ₹515.20 ▲ +6.80 (+1.34%)
NESTLE INDIA ₹2,480.00 ▼ -8.50 (-0.34%)
TECH MAHINDRA ₹1,510.00 ▲ +20.00 (+1.34%)
JSW STEEL ₹945.00 ▲ +11.50 (+1.23%)
TATA CONSUMER ₹1,190.00 ▲ +14.00 (+1.19%)
HINDALCO ₹685.00 ▲ +9.50 (+1.41%)
GRASIM ₹2,650.00 ▲ +28.00 (+1.07%)
INDUSIND BANK ₹1,420.00 ▲ +16.00 (+1.14%)
BAJAJ AUTO ₹9,850.00 ▲ +120.00 (+1.23%)
DR REDDY ₹6,750.00 ▲ +55.00 (+0.82%)
CIPLA ₹1,540.00 ▲ +12.00 (+0.79%)
BPCL ₹345.50 ▲ +4.20 (+1.23%)
SBI LIFE ₹1,690.00 ▲ +15.00 (+0.90%)
HDFC LIFE ₹680.00 ▲ +5.50 (+0.82%)
APOLLO HOSP ₹6,480.00 ▲ +72.00 (+1.12%)
HERO MOTOCORP ₹5,320.00 ▲ +65.00 (+1.24%)
EICHER MOTORS ₹4,850.00 ▲ +58.00 (+1.21%)
DIVIS LAB ₹4,680.00 ▲ +42.00 (+0.91%)
BRITANNIA ₹5,720.00 ▼ -12.00 (-0.21%)
TRENT ₹5,640.00 ▲ +95.00 (+1.71%)
BEL ₹308.90 ▲ +6.40 (+2.12%)
BHARAT FORGE ₹1,580.00 ▲ +24.00 (+1.54%)
NASDAQ ₹17,840.15 ▲ +85.40 (+0.48%)
DOW JONES ₹39,120.40 ▼ -110.20 (-0.28%)
S&P 500 ₹5,560.20 ▲ +19.30 (+0.35%)
GOLD (10g) ₹72,450 ▲ +250 (+0.35%)
SILVER (1kg) ₹84,200 ▲ +670 (+0.80%)
BRENT CRUDE $78.20/bbl ▼ -0.35 (-0.45%)
NIFTY 50 ₹24,520.80 ▲ +118.40 (+0.48%)
SENSEX ₹80,430.15 ▲ +432.10 (+0.54%)
BANK NIFTY ₹51,280.60 ▲ +315.80 (+0.62%)
NIFTY IT ₹41,890.30 ▲ +462.50 (+1.12%)
NIFTY AUTO ₹25,480.00 ▲ +240.20 (+0.95%)
NIFTY PHARMA ₹21,650.40 ▲ +185.30 (+0.86%)
NIFTY METAL ₹9,420.70 ▲ +112.40 (+1.21%)
RELIANCE ₹2,980.50 ▲ +25.10 (+0.85%)
TCS ₹4,250.00 ▲ +50.40 (+1.20%)
HDFC BANK ₹1,645.20 ▲ +7.40 (+0.45%)
ICICI BANK ₹1,215.30 ▲ +14.60 (+1.22%)
INFOSYS ₹1,820.10 ▲ +25.15 (+1.40%)
BHARTI AIRTEL ₹1,480.00 ▲ +18.20 (+1.24%)
ITC ₹495.60 ▲ +3.40 (+0.69%)
L&T ₹3,620.00 ▲ +42.00 (+1.17%)
SBI ₹824.50 ▲ +11.20 (+1.38%)
TATA MOTORS ₹1,090.80 ▲ +18.70 (+1.75%)
HCL TECH ₹1,680.40 ▲ +22.10 (+1.33%)
SUN PHARMA ₹1,745.00 ▲ +15.50 (+0.90%)
BAJAJ FINANCE ₹6,850.00 ▲ +75.00 (+1.11%)
MARUTI SUZUKI ₹12,450.00 ▲ +160.00 (+1.30%)
ASIAN PAINTS ₹2,950.00 ▼ -15.00 (-0.51%)
TATA STEEL ₹156.40 ▲ +2.30 (+1.49%)
NTPC ₹412.10 ▲ +7.35 (+1.82%)
POWERGRID ₹338.25 ▲ +3.15 (+0.94%)
AXIS BANK ₹1,180.50 ▲ +9.80 (+0.84%)
KOTAK MAHINDRA ₹1,795.00 ▲ +12.50 (+0.70%)
TITAN ₹3,460.00 ▲ +38.00 (+1.11%)
ULTRATECH ₹11,280.00 ▲ +145.00 (+1.30%)
M&M ₹2,840.00 ▲ +45.00 (+1.61%)
ADANI ENT ₹3,120.00 ▲ +35.00 (+1.13%)
ADANI PORTS ₹1,490.00 ▲ +21.00 (+1.43%)
BAJAJ FINSERV ₹1,620.00 ▲ +14.00 (+0.87%)
COAL INDIA ₹524.80 ▲ +12.10 (+2.36%)
ONGC ₹318.45 ▲ +5.20 (+1.66%)
WIPRO ₹515.20 ▲ +6.80 (+1.34%)
NESTLE INDIA ₹2,480.00 ▼ -8.50 (-0.34%)
TECH MAHINDRA ₹1,510.00 ▲ +20.00 (+1.34%)
JSW STEEL ₹945.00 ▲ +11.50 (+1.23%)
TATA CONSUMER ₹1,190.00 ▲ +14.00 (+1.19%)
HINDALCO ₹685.00 ▲ +9.50 (+1.41%)
GRASIM ₹2,650.00 ▲ +28.00 (+1.07%)
INDUSIND BANK ₹1,420.00 ▲ +16.00 (+1.14%)
BAJAJ AUTO ₹9,850.00 ▲ +120.00 (+1.23%)
DR REDDY ₹6,750.00 ▲ +55.00 (+0.82%)
CIPLA ₹1,540.00 ▲ +12.00 (+0.79%)
BPCL ₹345.50 ▲ +4.20 (+1.23%)
SBI LIFE ₹1,690.00 ▲ +15.00 (+0.90%)
HDFC LIFE ₹680.00 ▲ +5.50 (+0.82%)
APOLLO HOSP ₹6,480.00 ▲ +72.00 (+1.12%)
HERO MOTOCORP ₹5,320.00 ▲ +65.00 (+1.24%)
EICHER MOTORS ₹4,850.00 ▲ +58.00 (+1.21%)
DIVIS LAB ₹4,680.00 ▲ +42.00 (+0.91%)
BRITANNIA ₹5,720.00 ▼ -12.00 (-0.21%)
TRENT ₹5,640.00 ▲ +95.00 (+1.71%)
BEL ₹308.90 ▲ +6.40 (+2.12%)
BHARAT FORGE ₹1,580.00 ▲ +24.00 (+1.54%)
NASDAQ ₹17,840.15 ▲ +85.40 (+0.48%)
DOW JONES ₹39,120.40 ▼ -110.20 (-0.28%)
S&P 500 ₹5,560.20 ▲ +19.30 (+0.35%)
GOLD (10g) ₹72,450 ▲ +250 (+0.35%)
SILVER (1kg) ₹84,200 ▲ +670 (+0.80%)
BRENT CRUDE $78.20/bbl ▼ -0.35 (-0.45%)
Miscellaneous

अमेरिका ने ईरान को जिस 'मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स' की धमकी दी, वो कितना ख़तरनाक है?

Ajay Tiwari
19 October 2026 • 0 • 45
अमेरिका ने ईरान को जिस 'मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स' की धमकी दी, वो कितना ख़तरनाक है?

इमेज स्रोत, DoD/Getty Images

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को एक और हमले की चेतावनी दी है.

ख़बरों के मुताबिक़, अमेरिकी सैन्य योजनाकार ईरान के परमाणु ठिकानों और ऊर्जा से जुड़े बुनियादी ढांचे पर बेहद ताक़तवर बम 'मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स' के इस्तेमाल पर विचार कर रहे हैं.

यह धमकी ऐसे समय में आई है, जब अमेरिका ईरान वॉर में अपने लक्ष्यों को अब तक पूरी तरह से हासिल नहीं कर पाया है और ईरान सार्वजनिक तौर पर पीछे हटने के कोई संकेत नहीं दे रहा है.

ईरानी मीडिया में इस बात पर बहस जारी है कि क्या इस बम की विनाशकारी ताक़त ईरान के ज़मीन के भीतर सबसे गहराई में बने परमाणु ठिकानों को नष्ट करने के लिए काफ़ी होगी.

ईरानी अधिकारियों ने ट्रंप की इस धमकी का करारा जवाब दिया है और कहा है कि ईरान पर इसका कुछ असर नहीं होगा.

वहीं, कुछ टिप्पणीकारों ने चेतावनी दी है कि ऐसे हमलों के आम लोगों के लिए विनाशकारी नतीजे हो सकते हैं और इसके जवाब में ईरान आगे और हमले कर सकता है.

अमेरिका में मध्यावधि चुनाव नज़दीक हैं. ऐसे में यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या यह धमकी दोबारा सैन्य कार्रवाई की तैयारी का संकेत है या इसका मक़सद केवल ईरान पर दबाव बनाना और उस पर निर्णायक जीत की तस्वीर पेश करना है, ताकि ट्रंप अपनी रिपब्लिकन पार्टी की जीत सुनिश्चित कर सकें.

इमेज स्रोत, Alex WROBLEWSKI / AFP via Getty Images

15 अक्तूबर को अमेरिकी ब्रॉडकास्टर न्यूज़मैक्स को दिए एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि अमेरिका को ईरान के नतांज़ परमाणु परिसर के पास स्थित पिकऐक्स माउंटेन पर हमला करना पड़ सकता है. पिकऐक्स माउंटेन में ज़मीन के भीतर परमाणु गतिविधियों से जुड़ा एक ठिकाना होने का संदेह है.

उन्होंने कहा, "हम इसे जल्दी तबाह कर देंगे." ट्रंप ने ज़मीनी सैनिक भेजने की संभावना से इनकार किया और इस बात पर ज़ोर दिया कि वह परमाणु हथियारों का इस्तेमाल नहीं करेंगे. उन्होंने मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स के बारे में कहा, "यह एक बहुत बड़ा बम है, लेकिन परमाणु बम नहीं है."

ट्रंप का यह बयान सीएनएन की उस रिपोर्ट के बाद आया, जिसमें कहा गया था कि अमेरिकी सेना ने हमले की नई योजनाएं तैयार की हैं. इनमें ईरान के परमाणु ठिकानों और ऊर्जा से जुड़े बुनियादी ढांचे पर मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स के संभावित इस्तेमाल की योजना भी शामिल है.

हालांकि, ट्रंप ने इस बात की पुष्टि नहीं की कि उन्होंने इस बम के इस्तेमाल की मंज़ूरी दे दी है.

इमेज स्रोत, Zabihullah Ghazi/Anadolu Agency/Getty Images

देश - दुनिया की बड़ी ख़बरें जिन्होंने बटोरी सुर्खियां.

सार्वजनिक तौर पर उपलब्ध जानकारी के मुताबिक़, जीबीयू-43/बी मैसिव ऑर्डनेंस एयर ब्लास्ट (एमओएबी- मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स) बम का वज़न क़रीब 21,000 पाउंड यानी 9.5 टन है. इसमें क़रीब 18,700 पाउंड विस्फोटक होता है.

जीपीएस की मदद से निशाना लगाने वाला यह बम बड़े इलाके में बेहद ताक़तवर धमाके की लहर पैदा करता है. लेकिन इसका बाहरी खोल पतला होता है, क्योंकि इसे ज़मीन के भीतर गहराई तक घुसने के बजाय धमाके का असर ज़्यादा से ज़्यादा फैलाने के लिए बनाया गया है.

इस बम का पहली और अब तक इकलौती बार किसी सैन्य अभियान में इस्तेमाल अप्रैल 2017 में अफ़ग़ानिस्तान में चरमपंथी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) के सुरंगों के एक परिसर पर किया गया था.

माना जाता है कि मध्य ईरान में स्थित पिकऐक्स माउंटेन का ठिकाना ज़मीन से कम से कम 100 मीटर नीचे तक फैला हुआ है. ऐसे में मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स इसके ख़िलाफ़ कितना असरदार होगा, यह साफ़ नहीं है. इसकी एक वजह यह भी है कि इस ठिकाने का असली मक़सद, अंदरूनी बनावट और मौजूदा स्थिति अब भी काफ़ी हद तक गोपनीय है.

मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स के धमाके से प्रवेश द्वारों या हवा आने-जाने के रास्तों के ज़रिए ज़मीन के भीतर मौजूद ढांचे को नुक़सान पहुंच सकता है. लेकिन इस बम को चट्टानों को भेदकर ज़मीन के भीतर जाने के लिए नहीं बनाया गया है.

अमेरिका के पास ज़मीन के भीतर बने बेहद मज़बूत ठिकानों को निशाना बनाने के लिए एक ख़ास हथियार भी है. यह 30,000 पाउंड वज़नी जीबीयू-57 मैसिव ऑर्डनेंस पेनेट्रेटर है, जिसे आम तौर पर 'बंकर-बस्टर' कहा जाता है. इसे धमाका होने से पहले ज़मीन के भीतर गहराई तक घुसने के लिए बनाया गया है.

सेंटर फ़ॉर स्ट्रैटेजिक एंड इंटरनेशनल स्टडीज़ (सीएसआईएस) के हालिया विश्लेषण के मुताबिक़, अमेरिका के पास क़रीब 10 एमओएबी बम बचे हैं. विश्लेषण में यह भी कहा गया है कि जून 2025 में ईरान के परमाणु ठिकानों के ख़िलाफ़ 14 जीबीयू-57 बम इस्तेमाल किए गए थे. इसके बाद अमेरिका के पास ऐसे बमों की संख्या घटकर पांच से भी कम रह गई है.

ट्रंप के बयान और हमले की कथित योजनाओं से यह सवाल उठता है कि अमेरिका आख़िर हासिल क्या करना चाहता है. एक संभावना यह है कि इस हथियार की अहमियत कुछ हद तक इसके मनोवैज्ञानिक असर में है. एक बड़ा हमला अमेरिकी सैन्य ताक़त दिखा सकता है और यह संदेश दे सकता है कि अमेरिका के पास अब भी कई विकल्प मौजूद हैं. इससे ट्रंप संभावित हमले को निर्णायक आख़िरी वार के तौर पर पेश करके युद्ध ख़त्म करने का एलान भी कर सकते हैं.

लेकिन ज़मीन के ऊपर किसी ठिकाने को तबाह करना और ज़मीन के भीतर मौजूद क्षमताओं को पूरी तरह ख़त्म करना अलग-अलग बात है.

किसी परमाणु ठिकाने को बड़े पैमाने पर नुक़सान पहुंचने के बावजूद ईरान के परमाणु कार्यक्रम से जुड़ी वैज्ञानिक जानकारी, उपकरण या सामग्री अपने आप ख़त्म नहीं हो जाएगी.

इस धमकी का समय भी अहम है. सीएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक़, अमेरिकी सैन्य योजनाकारों ने नवंबर में होने वाले मध्यावधि चुनावों से पहले या बाद में दोबारा हमले के विकल्पों पर विचार किया है. वहीं, ट्रंप सार्वजनिक तौर पर कह चुके हैं कि वह चुनाव से पहले कोई और हमला नहीं करेंगे.

इसलिए इस धमकी के एक साथ कई मक़सद हो सकते हैं. ईरान पर सैन्य दबाव बनाए रखना, अमेरिका के लोगों को यह संदेश देना कि सरकार अपने रुख़ पर मज़बूती से कायम है और किसी हमले का फ़ैसला किए बिना आगे की सैन्य कार्रवाई का विकल्प खुला रखना.

इमेज स्रोत, Morteza Nikoubazl/NurPhoto via Getty Images

ईरान का सैन्य नेतृत्व बार-बार कहता रहा है कि वह दोबारा संघर्ष की स्थिति के लिए तैयार है. इस्लामिक रिवॉल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी) के डिप्टी कमांडर मेजर जनरल मुस्तफ़ा इज़ादी ने 15 अक्तूबर को कहा कि ईरान की सेना ज़मीन, समुद्र और हवा में किसी भी दुश्मन का मुक़ाबला करने के लिए तैयार है.

इस तरह के बयान दिखाते हैं कि ईरान सार्वजनिक तौर पर दबाव के आगे झुकने को तैयार नहीं है. हालांकि, इनसे यह साफ़ नहीं होता कि एमओएबी से हमला होने पर ईरान किस तरह जवाब देगा.

ऊर्जा से जुड़े बुनियादी ढांचे या किसी संवेदनशील परमाणु ठिकाने पर हमला जवाबी कार्रवाई का ख़तरा बढ़ा सकता है. इससे जहाज़ों की आवाजाही को ख़तरा पैदा होने और पूरे क्षेत्र में हालात और बिगड़ने की आशंका भी है.

ट्रंप की मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स (एमओएबी) से हमले की धमकी पर ईरान के अधिकारियों और टिप्पणीकारों ने अलग-अलग तरह से प्रतिक्रिया दी है. कुछ ने कड़ा रुख़ दिखाया है, कुछ ने इसका मज़ाक उड़ाया है, जबकि कुछ ने नए अमेरिकी हमले के नतीजों को लेकर चेतावनी दी है.

कट्टरपंथी सांसद और संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा एवं विदेश नीति समिति के अध्यक्ष इब्राहिम अज़ीज़ी ने इस बात को ख़ारिज किया कि इस हथियार से ईरान को डराया जा सकता है.

उन्होंने 16 अक्तूबर को संसद की समाचार एजेंसी आईसीएएनए को दिए इंटरव्यू में कहा, "आज तक ऐसा कोई पैदा नहीं हुआ, जो सभ्यता, इतिहास और प्राचीन विरासत वाले एक महान देश को 'मदर ऑफ़ ऑल बॉम्ब्स' नाम के बम से धमका सके."

ईरान के सरकारी टेलीविज़न पर आने वाले कट्टरपंथी विश्लेषक हसन खोशचश्म ने ट्रंप की नई चेतावनी से पहले एक टॉक शो में इससे भी तीखी बात कही थी. उन्होंने कहा, "अगर अमेरिका के पास मदर ऑफ़ बॉम्ब्स है, तो हमारे पास फ़ादर ऑफ़ बॉम्ब्स है." हालांकि, उन्होंने यह नहीं बताया कि ईरान के पास मौजूद जिन हथियारों की वह बात कर रहे थे, वे कौन से हैं.

इसी तरह आईआरजीसी समर्थक टेलीग्राम चैनल नेज़ामितरीन ने भी एमओएबी की धमकी को कम करके पेश किया. चैनल ने अपने दर्शकों को याद दिलाया कि जून 2025 में ईरान के फ़ोर्दो परमाणु ठिकाने पर हमले के दौरान अमेरिका इससे भी ज़्यादा शक्तिशाली बंकर-बस्टर बमों का इस्तेमाल कर चुका है.

पोस्ट में कहा गया, "इसमें कुछ नया नहीं है, लेकिन इस बार हमारा जवाब अलग होगा."

कट्टरपंथी पत्रकार अब्दुल्लाह गंजी ने एक्स पर लिखा, "अमेरिका लोगों की जान को निशाना बनाने के अलावा कुछ नहीं कर सकता. ऐसी कार्रवाई से उसे कोई जीत हासिल नहीं होगी और दुनिया की नज़र में यह नैतिक रूप से निंदनीय होगा."

उन्होंने यह भी कहा कि ईरान ने अपने परमाणु और मिसाइल ठिकानों को इस तरह के हमलों के लिए तैयार कर रखा है.

इन बयानों से सत्ता समर्थक आवाज़ों की यह कोशिश दिखाई देती है कि इस धमकी को मनोवैज्ञानिक दबाव के तौर पर पेश किया जाए.

साथ ही वे यह भरोसा भी जता रहे हैं कि ईरान एमओएबी के हमले का सामना कर सकता है और इस तरह के हमले से कोई निर्णायक नतीजा हासिल नहीं होगा.

हालांकि, कुछ लोगों ने इस हथियार की विनाशकारी ताक़त को लेकर भी चेतावनी दी है.

सोशल मीडिया पर कुछ लोगों ने विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची से अपील की कि किसी हमले से मानवीय तबाही की स्थिति पैदा होने से पहले तुरंत कूटनीतिक पहल की जाए.

पूर्व सांसद हेशमतुल्लाह फ़लाहतपिशेह ने ख़ास तौर पर इससे लोगों और अर्थव्यवस्था को होने वाले संभावित नुक़सान पर ध्यान दिलाया है. उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में ज़मीन के भीतर बने ठिकानों पर शक्तिशाली हमले के नतीजों को लेकर चेतावनी देते हुए कहा कि इससे होने वाली तबाही सिर्फ़ ज़मीन के नीचे तक सीमित नहीं रहेगी.

फ़लाहतपिशेह ने चेतावनी दी कि ऊर्जा से जुड़े बुनियादी ढांचे को नुक़सान और आम लोगों की मौत के ऐसे नतीजे हो सकते हैं, जिन्हें नियंत्रित करना मुश्किल होगा. उन्होंने ईरान के प्रतिनिधियों से संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाने की मांग करने और जिनेवा कन्वेंशन लागू करने की अपील करने को कहा.

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.

BBC World Service के नए ऐप को डाउनलोड करें

BBC News हिन्दी को चुनें और पाइए न्यूज़ अलर्ट, लाइव टीवी, पॉडकास्ट... सब एक जगह

कृपया नोट करें: नया ऐप ब्रिटेन और अमेरिका में उपलब्ध नहीं है.

प्लेबैक आपके उपकरण पर नहीं हो पा रहा

शॉर्ट वीडियो का अंत

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित

© 2026 BBC. बाहरी साइटों की सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है. बाहरी साइटों का लिंक देने की हमारी नीति के बारे में पढ़ें.

About Ajay Tiwari

Senior Editorial writer covering tech innovations, space exploration, and emerging digital trends. Delivering deep analytical insights for premium global readers.

Comments ()

LIVE
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सुनी शिकायतें, दी निर्देश • बॉलीवुड पर अंडरवर्ल्ड का दखल: टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर फायरिंग सहित कई हाई‑प्रोफ़ाइल हमले • मुजफ्फरपुर में युवक पर ताबड़तोड़ फायरिंग, हाथ में लगी गोली; बाइक छोड़कर भागे बदमाश • ‘हमारे संघर्ष को अपमानित किया’: देवेंद्र प्रताप के पत्र से गरमाई एमएलसी चुनाव की सियासत, सपा क्यों हो रही गदगद • दशहरे के लिए ट्रैफिक एडवाइजरी: कई जगह रूट डायवर्ट तो कहीं कड़ी पाबंदी; पूर्वी दिल्ली वाले अपडेट होकर निकलें • दिल्ली के दशहरे में रावण दहन के साथ सामाजिक‑पर्यावरणीय संदेशों का नया रूप • कन्नौज में क्रेन दुर्घटना: बाइक पर सवार छात्र की मौत, पिता एवं भाई गंभीर घायल • रेलवे ने ट्रेनों में मोबाइल पर तेज आवाज के लिए जुर्माना व जेल का प्रावधान किया • रसड़ा में विकास की उपलब्धियाँ • पोलिस ने मॉडल श्रेया दुबे को गिरफ्तार करने में विफलता जताई, एजेंसी से बयान देकर लखनऊ छोड़ा • राजद विधायक के ममेरे भाई की हत्या का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार • कोर्ट ने CJP नेताओं की हिरासत बढ़ाई, बांड उल्लंघन और जमानतदारों पर सवाल • बिहार में बच्चे का 1.80 लाख रुपये में व्यापार, मामा समेत तीन गिरफ्तार • अशुतोष रांका और सौरव दास पर ट्रेसपासिंग केस क्राइम ब्रांच को सौंपा गया • इन 5 खुशबूदार बेलों से बनाएं अपनी बालकनी को महकदार गार्डन • युवा कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार के चेहरे वाला रावण पुतला जलाया, इस्तीफे की मांग • टाइगर श्रॉफ पर गोलीबारी के तीन शूटर कोटा में ही रखे, मुंबई नहीं भेजी गई • मणिपुर में तीन घटनाओं में 7 लोगों की मौत, सीआरपीएफ के तीन जवान घायल • सऊदी में दो बांग्लादेशी नागरिकों पर मौत की सजा, बांग्लादेश ने कूटनीतिक संकट जताया • फैजू ने दुल्हन का लहंगा संभालते हुए सुर्ख लाल जोड़े में राजकुमार‑राजकुमारी बनकर छाए • दादा ने 1917 में ब्रिटिश सरकार को 35,000 रुपये का कर्ज दिया, परिवार का दावा जारी • किन विभागों के अफसरों-कर्मियों पर निगरानी की नजर? घूसखोरों के पकड़ाने का खतरा कहां, देखें ट्रेंड • भोपाल में 8 लोगों का अपहरण, दो युवतियों समेत • जय हेमंत कैसे बन गए टाइगर श्रॉफ़, एक्टर ने सुनाई थी दिलचस्प कहानी • मां विंध्यवासिनी के दर्शन की आस में निकले श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत, ट्रक की टक्कर से दो की गई जान • बॉलीवुड में अंडरवर्ल्ड की पहली झलक: 1982 में प्रोड्यूसर मुशीर आलम की पठान गैंग द्वारा किडनैपिंग • सीवान के मार्केट में भीषण आग: एसी दुकान में धमाकों से मची अफरा-तफरी, दमकल का पानी खत्म होने से बढ़ी परेशानी • भारत ने इलेक्ट्रिक कार बिक्री में अमेरिका को पीछे छोड़ा: लगातार 6 महीने तक बढ़त • सिट ने रेखा आर्या के बयान दर्ज किए, बरेली से ऑडियो भी कब्जे में • रॉयल एनफील्ड हंटर की तेज़ी में टकराव, दो युवाओं की मौत, परिवार में शोक • लकड़ी की प्रतिमा, लेकिन जोड़ का नामोनिशान नहीं, छपरा की काठ वाली देवी की अनोखी मान्यता • यमुना एक्सप्रेसवे पर बस का टक्कर, एक महिला की मौत, छह घायल • सोने का भाव 1.5 लाख रुपये/10ग्राम पार, त्योहारी मांग से मिली बढ़ोतरी • Gen Z का वर्क‑प्रेशर कम, मानसिक स्वास्थ्य के प्रति नई जागरूकता • 33 केवी टावर पर हाई वोल्टेज ड्रामा: शराब को लेकर मां से हुई कहासुनी, नशे में चढ़ा युवक • सिर में गंभीर चोट, अस्पताल में तोड़ा दम; हादसे के बाद फरार बाइक सवार की तलाश में जुटी पुलिस • आजम खां से रामपुर जेल मिलने जाएंगे अखिलेश यादव, विधानसभा चुनावों को लेकर चर्चा के लग रहे कयास • अभिजीत दिपके ने शेयर किया आशु‑सौरव की कहानी: लंदन की हाई‑पेड नौकरी छोड़ देश के लिए संघर्ष • नौ दिन व्रत के बाद तनु ने चाऊमीन‑आइसक्रीम से व्रत खोला, उल्टी से बेहोशी और मृत्यु • तेल की कीमतों में गिरावट की संभावना, विशेषज्ञों ने $80/बैरल का लक्ष्य बताया • उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सुनी शिकायतें, दी निर्देश • बॉलीवुड पर अंडरवर्ल्ड का दखल: टाइगर श्रॉफ की गाड़ी पर फायरिंग सहित कई हाई‑प्रोफ़ाइल हमले • मुजफ्फरपुर में युवक पर ताबड़तोड़ फायरिंग, हाथ में लगी गोली; बाइक छोड़कर भागे बदमाश • ‘हमारे संघर्ष को अपमानित किया’: देवेंद्र प्रताप के पत्र से गरमाई एमएलसी चुनाव की सियासत, सपा क्यों हो रही गदगद • दशहरे के लिए ट्रैफिक एडवाइजरी: कई जगह रूट डायवर्ट तो कहीं कड़ी पाबंदी; पूर्वी दिल्ली वाले अपडेट होकर निकलें • दिल्ली के दशहरे में रावण दहन के साथ सामाजिक‑पर्यावरणीय संदेशों का नया रूप • कन्नौज में क्रेन दुर्घटना: बाइक पर सवार छात्र की मौत, पिता एवं भाई गंभीर घायल • रेलवे ने ट्रेनों में मोबाइल पर तेज आवाज के लिए जुर्माना व जेल का प्रावधान किया • रसड़ा में विकास की उपलब्धियाँ • पोलिस ने मॉडल श्रेया दुबे को गिरफ्तार करने में विफलता जताई, एजेंसी से बयान देकर लखनऊ छोड़ा • राजद विधायक के ममेरे भाई की हत्या का खुलासा, तीन आरोपी गिरफ्तार • कोर्ट ने CJP नेताओं की हिरासत बढ़ाई, बांड उल्लंघन और जमानतदारों पर सवाल • बिहार में बच्चे का 1.80 लाख रुपये में व्यापार, मामा समेत तीन गिरफ्तार • अशुतोष रांका और सौरव दास पर ट्रेसपासिंग केस क्राइम ब्रांच को सौंपा गया • इन 5 खुशबूदार बेलों से बनाएं अपनी बालकनी को महकदार गार्डन • युवा कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार के चेहरे वाला रावण पुतला जलाया, इस्तीफे की मांग • टाइगर श्रॉफ पर गोलीबारी के तीन शूटर कोटा में ही रखे, मुंबई नहीं भेजी गई • मणिपुर में तीन घटनाओं में 7 लोगों की मौत, सीआरपीएफ के तीन जवान घायल • सऊदी में दो बांग्लादेशी नागरिकों पर मौत की सजा, बांग्लादेश ने कूटनीतिक संकट जताया • फैजू ने दुल्हन का लहंगा संभालते हुए सुर्ख लाल जोड़े में राजकुमार‑राजकुमारी बनकर छाए • दादा ने 1917 में ब्रिटिश सरकार को 35,000 रुपये का कर्ज दिया, परिवार का दावा जारी • किन विभागों के अफसरों-कर्मियों पर निगरानी की नजर? घूसखोरों के पकड़ाने का खतरा कहां, देखें ट्रेंड • भोपाल में 8 लोगों का अपहरण, दो युवतियों समेत • जय हेमंत कैसे बन गए टाइगर श्रॉफ़, एक्टर ने सुनाई थी दिलचस्प कहानी • मां विंध्यवासिनी के दर्शन की आस में निकले श्रद्धालुओं की दर्दनाक मौत, ट्रक की टक्कर से दो की गई जान • बॉलीवुड में अंडरवर्ल्ड की पहली झलक: 1982 में प्रोड्यूसर मुशीर आलम की पठान गैंग द्वारा किडनैपिंग • सीवान के मार्केट में भीषण आग: एसी दुकान में धमाकों से मची अफरा-तफरी, दमकल का पानी खत्म होने से बढ़ी परेशानी • भारत ने इलेक्ट्रिक कार बिक्री में अमेरिका को पीछे छोड़ा: लगातार 6 महीने तक बढ़त • सिट ने रेखा आर्या के बयान दर्ज किए, बरेली से ऑडियो भी कब्जे में • रॉयल एनफील्ड हंटर की तेज़ी में टकराव, दो युवाओं की मौत, परिवार में शोक • लकड़ी की प्रतिमा, लेकिन जोड़ का नामोनिशान नहीं, छपरा की काठ वाली देवी की अनोखी मान्यता • यमुना एक्सप्रेसवे पर बस का टक्कर, एक महिला की मौत, छह घायल • सोने का भाव 1.5 लाख रुपये/10ग्राम पार, त्योहारी मांग से मिली बढ़ोतरी • Gen Z का वर्क‑प्रेशर कम, मानसिक स्वास्थ्य के प्रति नई जागरूकता • 33 केवी टावर पर हाई वोल्टेज ड्रामा: शराब को लेकर मां से हुई कहासुनी, नशे में चढ़ा युवक • सिर में गंभीर चोट, अस्पताल में तोड़ा दम; हादसे के बाद फरार बाइक सवार की तलाश में जुटी पुलिस • आजम खां से रामपुर जेल मिलने जाएंगे अखिलेश यादव, विधानसभा चुनावों को लेकर चर्चा के लग रहे कयास • अभिजीत दिपके ने शेयर किया आशु‑सौरव की कहानी: लंदन की हाई‑पेड नौकरी छोड़ देश के लिए संघर्ष • नौ दिन व्रत के बाद तनु ने चाऊमीन‑आइसक्रीम से व्रत खोला, उल्टी से बेहोशी और मृत्यु • तेल की कीमतों में गिरावट की संभावना, विशेषज्ञों ने $80/बैरल का लक्ष्य बताया •