अयोध्या में राम मंदिर चढ़ावा चोरी की घटना के बाद से लगातार बदलाव हो रहे हैं। इसी कड़ी में व्यवस्था के संचालन के लिए मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) की नियुक्ति का भी फैसला लिया गया है। चयन के लिए तीन सदस्यीय समिति बनाकर पिछले दिनों आवेदन मांगे गए थे। इन आवेंदनों की स्क्रीनिंग पूरी हो चुकी है। सेवानिवृत्त जस्टिस प्रमोद कोहली की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने CEO के लिए आए 52 सौ आवेदनों की स्क्रीनिंग कर ली है। इंटरव्यू के लिए 11 और 12 अगस्त की तारीख भी तय कर दी है। इसकी सूचना आवेदकों को भेज दी गयी है।
यह साक्षात्कार अयोध्या में राम मंदिर परिसर के पीएफसी में आयोजित किया जाएगा। इस सम्बन्ध में जानकारी के लिए राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष महंत गोविंद देव गिरि से बातचीत का प्रयास किया गया लेकिन उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। वहीं निर्माण समिति चेयरमैन नृपेन्द्र मिश्र ने बताया कि इस मामले की जानकारी ट्रस्ट के अंतरिम महासचिव कृष्ण मोहन ही देंगे। अंतरिम महासचिव ने इसकी पुष्टि की। बताया गया कि साक्षात्कार के बाद कमेटी तीन नामों का पैनल ट्रस्ट को सौंपेगी। इस पैनल के नामों पर दो सितंबर को प्रस्तावित ट्रस्ट की बैठक में विचारार्थ प्रस्तुत किया जाएगा। ट्रस्टियों के अनुमोदन के उपरांत चयनित किसी एक नाम की घोषणा CEO के रूप में की जाएगी।
वहीं, राम मंदिर में चढ़ावा चोरी मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर गठित एसआईटी की निगरानी में पुलिस टीम जांच पड़ताल के क्रम को आगे बढ़ा रही हैं। पूर्व में प्रदेश सरकार के द्वारा लखनऊ के मंडलायुक्त विजय विश्वास पंत की अगुवाई में गठित एसआईटी ने 2025-26 व 2024-25 के वित्तीय वर्ष से सम्बन्धित लेखा-जोखा की ही पड़ताल की थी लेकिन अब यह जांच ट्रस्ट के गठन के समय से यानि 2020-21 से शुरू की गयी है। बताया गया कि इसी कड़ी में नये के अलावा पुराने कर्मचारियों को भी तलब कर सभी के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। पुनः उनसे पुलिस अधिकारी अलग-अलग सवाल का जवाब भी ले रहे हैं। जिससे किसी प्रकार का विरोधाभास न हो।
बताया गया कि पहले एसआईटी के समक्ष राम मंदिर की गणना में लगे आधा दर्जन कर्मचारियों को ही पूछताछ के लिए बुलाया गया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद आईजी किरन एस की अगुवाई में गठित एसआईटी ने राम मंदिर ट्रस्ट के गठन के बाद से ही राम मंदिर में कार्यरत सभी कर्मचारियों को बुलाकर उनका बयान दर्ज करने का निर्देश दिया है। इसी निर्देश के अनुपालन क्षेत्राधिकारी कार्यालय में अलग-अलग कर्मचारियों के बयान फिर से लिए जा रहे हैं।
इसके अलावा 2020-21 से लेकर 2021-22 व 2022-23 एवं 2023-24 से सम्बन्धित अभिलेखों को की भी पड़ताल की जा रही है। पुलिस टीम श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के सभी अलग-अलग खातों चालू व बचत खाते के साथ सावधि जमा खाता भी खंगाल रही है।इसी मामले को लेकर बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों की टीम भी यहां आकर विभागीय जांच के अन्तर्गत अपनी पड़ताल की थी। इसके अलावा शाखा प्रबंधक अनूप कुमार त्रिपाठी सहित क्षेत्रीय कार्यालय के अधिकारियों को भी आवश्यक निर्देश दिया था। उधर बताया जा रहा है कि इस जांच से सम्बन्धित प्रगति रिपोर्ट प्रतिदिन एसआईटी के अधिकारियों को भेजी जा रही है।
वहीं अधिकारी भी प्रतिदिन रिपोर्ट की समीक्षा के साथ आपसी विचार विमर्श कर जांच की दिशा निर्धारित कर रहे हैं। पुनः उसी के अनुसार जांच की कार्यवाही को आगे बढ़ाने का निर्देश मातहतों को दिया जा रहा है। इस समीक्षा में एस आईटी प्रमुख आईजी किरन एस के अलावा डीआईजी सोमेन वर्मा व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डा गौरव ग्रोवर व बाराबंकी के एडीशनल एसपी भी शामिल हैं।
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