MSCI रीबैलेंसिंग से पहले अडानी शेयरों में सोमवार को आई भारी गिरावट के चलते गौतम अडानी की संपत्ति एक ही दिन में 9.50 अरब डॉलर कम हो गई। भारतीय रुपये में यह रकम 9 लाख करोड़ रुपये से अधिक है। सोमवार, 31 अगस्त को अडानी समूह के ज्यादातर शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली। अडानी एंटरप्राइजेज से लेकर अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस तक कई शेयरों में 3 से 7 फीसदी तक की गिरावट दर्ज की गई।
अडानी ग्रुप के शेयरों में गिरावट का असर चेयरमैन गौतम अडनी के नेटवर्थ पर पड़ा। क्योंकि, उनकी संपत्ति का अधिकांश हिस्सा इन्हीं शेयरों से आत है। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर इंडेक्स की ताजा रैंकिग के मुताबिक अडानी सोमवार के सबसे बड़े लूजर रहे। उनकी संपत्ति अब 103 अरब डॉलर रह गई है और वह दुनिया के अमीरों की लिस्ट में 19वें स्थान पर आ गए हैं।
अडानी एंटरप्राइजेज का शेयर सोमवार के कारोबार के दौरान करीब 6.4% गिरकर 2,965.70 रुपये के स्तर तक पहुंच गया। वहीं अडानी पोर्ट्स एंड स्पेशल इकोनॉमिक जोन में करीब 3.36% की गिरावट आई और यह 1,650.10 रुपये तक फिसला। अडानी पावर भी करीब 4.06% गिरकर 204.00 रुपये पर आ गया। अडानी ग्रीन एनर्जी का शेयर भी 3% से ज्यादा गिरकर 1,262.90 रुपये के आसपास कारोबार करता दिखा।
अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस 7.4% गिरकर 1470.10 रुपये पर था। अडानी टोटल गैस करीब 2.59% गिरकर 620 रुपये तक पहुंचा। वहीं अंबुजा सीमेंट्स और ACC में क्रमशः करीब 2.44% और 1.81% की गिरावट दर्ज की गई।
अडानी शेयरों में गिरावट ऐसे समय आई है, जब MSCI के अगस्त 2026 रिव्यू के बाद इंडेक्स में कई बदलाव लागू होने वाले हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, अडानी एंटरप्राइजेज में करीब 202 मिलियन डॉलर और अडानी पोर्ट्स में करीब 77 मिलियन डॉलर का संभावित फंड फ्लो हो सकता है। वहीं अडानी एनर्जी सॉल्यूशंस में करीब 310 मिलियन डॉलर के इन्वेस्टमेंट फ्लो का अनुमान है।
MSCI ग्लोबल इंडेक्स में लेंसकॉर्ट, लॉरस लैब्स, अडानी एनर्जी सॉल्यूशन और Groww को शामिल किया गया है। दूसरी ओर, कुछ मौजूदा कंपनियों के इंडेक्स वेटेज में भी बदलाव किया गया है। MSCI ने अडानी एंटरप्राइजेज, अडानी पोर्ट, अडानी पावर का वेटेज भी बढ़ाया है।
MSCI इंडेक्स में वेटेज बढ़ने से किसी शेयर में संभावित रूप से फंड का प्रवाह बढ़ सकता है, क्योंकि इंडेक्स को ट्रैक करने वाले ETF और पैसिव फंड अपने पोर्टफोलियो में उसी अनुपात में बदलाव करते हैं। इसके बावजूद सोमवार को अडानी शेयरों में तेज गिरावट देखने को मिली।
इसका प्रमुख कारण व्यापक बाजार में जोखिम से बचने का रुख और MSCI रीबैलेंसिंग से पहले बढ़ी अस्थिरता माना जा रहा है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, सोमवार की गिरावट समूह से जुड़ी किसी नई नकारात्मक खबर के बजाय बाजार की मौजूदा स्थिति और रीबैलेंसिंग से जुड़ी गतिविधियों से ज्यादा प्रभावित दिखती है।
Comments ()
Be the first to share your perspective on this story!