बिहार के भागलपुर में स्थित विक्रमशिला सेतु पर बने बेली ब्रिज को हटाकर क्षतिग्रस्त स्लैबों की स्थायी मरम्मत की जाएगी। यह काम निर्माण एजेंसी एसपी सिंगला को दिया गया है। मरम्मत की तारीख नजदीक आते ही प्रशासनिक तैयारियां तेज हो गई हैं। 29 अगस्त (28 अगस्त की आधी रात) से विक्रमशिला सेतु को अगले तीन महीने के लिए आम लोगों के लिए पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। गंगा नदी के इस पार से उस पार जाने के लिए जहाज का सहारा लेना होगा।
पुल बंदी को लेकर बरारी घाट से महादेवपुर घाट के बीच जलमार्ग को मुख्य लाइफलाइन बनाया जा रहा है। यात्रियों के सुगम आवागमन के लिए अब तक चार बड़े जहाजों (स्टीमर) को दुरुस्त कर तैयार कर लिया गया है। एक जहाज पर करीब 500 से अधिक यात्रियों को एक बार में ढोया जा सकेगा। वहीं, बड़ी नावों की फिटनेस जांची जा रही है। ताकि गंगा का पानी घटने के बाद यात्रियों की भीड़ को देखते हुए नावें चलाई जा सके।
भागलपुर की डीएम अलंकृता पांडेय ने कहा कि गंगा में उफान और तेज बहाव को देखते हुए यात्रियों की सुरक्षा सबसे बड़ी प्राथमिकता है। बिना लाइफ जैकेट और बिना फिटनेस वाली छोटी या जर्जर नावों के परिचालन पर पूरी तरह रोक रहेगी। घाटों पर मजिस्ट्रेट और पुलिस बल की 24 घंटे तैनाती की जा रही है, जो ओवरलोडिंग पर नजर रखेंगे।
इसके अलावा, भारी वाहनों को मुंगेर और सुल्तानगंज के वैकल्पिक रास्तों से डायवर्ट किया जा रहा है। इस स्थायी मरम्मत परियोजना को हर हाल में निर्धारित समय के अंदर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
एसपी सिंगला कंपनी ने विक्रमशिला पुल की मरम्मत के लिए कमर कस ली है। 10 अक्टूबर की समय-सीमा के भीतर सेतु पर ट्रस ब्रिज (स्टील ब्रिज) का निर्माण पूरा करने का लक्ष्य है। कंपनी ने भागलपुर में गंगा में चल रही दो बड़ी पुल परियोजनाओं (विक्रमशिला सेतु समानांतर पुल और अगुवानी-सुल्तानगंज ब्रिज प्रोजेक्ट) की टीमों को एक साथ मैदान में उतारने का शेड्यूल तैयार किया है। दोनों ही यूनिट के अनुभवी इंजीनियरों और तकनीकी कर्मचारियों को विशेष रूप से विक्रमशिला सेतु पर तैनात किया जाएगा।
बता दें कि पुल की मरम्मत के लिए आवश्यक स्टील ब्रिज निर्माण सामग्री की आधी खेप परियोजना स्थल पर पहुंच चुकी है। शेष सामग्री अगले दो-चार दिनों के भीतर पहुंच जाएगी।
व्यवसायियों का कहना है कि तीन महीने तक विक्रमशिला पुल बंद रहने से माल ढुलाई ठप हो जाएगी। उद्यमी आलोक अग्रवाल ने बताया कि इससे बाजार में आवश्यक वस्तुओं की किल्लत और महंगाई बढ़ सकती है। दूध विक्रेता सतेंद्र यादव ने प्रशासन से मांग की है कि कागजों पर ‘फ्री सेवा’ का दावा करने के बजाय जमीनी स्तर पर नाविकों द्वारा की जाने वाली अवैध वसूली पर सख्त लगाम लगाई जाए।
विक्रमशिला सेतु के 3 महीने तक बंद रहने से सीमांचल, कोसी और अंग क्षेत्र को जोड़ने वाले इस एकमात्र मुख्य मार्ग से आवागमन करने वाले लाखों लोगों की दैनिक जिंदगी प्रभावित होगी। दवा व्यवसायी प्रदीप कुमार जैन ने बताया कि भागलपुर स्थित मायागंज अस्पताल आने वाले गंभीर मरीजों को अब उफनती नदी पार करनी होगी, जिससे समय पर इलाज मिलना एक बड़ी चुनौती होगी।
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