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मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी की हार को अरब के मीडिया में कैसे देखा जा रहा है?

Ajay Tiwari
05 November 2026 • 0 • 10
मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी की हार को अरब के मीडिया में कैसे देखा जा रहा है?

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अमेरिका के मिडटर्म इलेक्शन में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की रिपब्लिकन पार्टी की हार अरब के देशों के लिए ख़ासा मायने रखती है.

इस चुनावी नतीजे का असर ट्रंप की मध्य-पूर्व की नीतियों पर भी पड़ेगा. उपराष्ट्रपति जेडी वेंस पहले ही कह चुके हैं कि ईरान पर हमले के कारण रिपब्लिकन पार्टी की हार हुई है.

ज़ाहिर है कि जेडी वेंस का यह 'क़बूलनामा' ट्रंप की विदेश नीति पर भी सवाल खड़े करता है.

अरब के मीडिया में भी रिपब्लिकन पार्टी की हार को इसी रूप में देखा जा रहा है. हालांकि, इस हार के आगे क्या परिणाम होंगे, इसे लेकर अलग-अलग मीडिया संस्थानों के नज़रिये में अंतर है.

कुछ मीडिया संस्थानों ने इसे ट्रंप की राजनीति के ख़िलाफ जनता के स्पष्ट विरोध के तौर पर पेश किया है, जबकि अन्य ने कमज़ोर पड़ती राष्ट्रपति की शक्ति, कांग्रेस के साथ टकराव और मध्य-पूर्व के लिए बढ़ती अनिश्चितता पर ध्यान केंद्रित किया है.

महत्वपूर्ण बात यह है कि हर जगह चुनावी झटके को ट्रंप के राजनीतिक प्रभाव के ख़त्म होने के रूप में नहीं देखा जा रहा है.

यूएई के अंग्रेज़ी अख़बार द नेशनल ने अपने एक आर्टिकल में लिखा है, ''कांग्रेस पर नियंत्रण खोने से ट्रंप की वे राजनीतिक शक्तियां काफ़ी सीमित हो गई हैं, जिनका इस्तेमाल वे अपने कार्यकाल के पहले दो वर्षों में कर रहे थे. उनके राजनीतिक अधिकार और प्रभाव गंभीर रूप से सीमित हो गए हैं.''

द नेशनल ने एक दूसरे विश्लेषण में लिखा है कि ट्रंप को अब डेमोक्रेट्स ईरान युद्ध और मध्य-पूर्व में एकतरफ़ा फ़ैसले नहीं लेने देंगे.

अख़बार का ध्यान सिर्फ़ इस बात पर नहीं है कि चुनाव किसने जीता, बल्कि इस पर भी है कि राष्ट्रपति की शक्तियां किस हद तक सीमित हो सकती हैं.

'अरब न्यूज़' ने ट्रंप की उस स्वीकारोक्ति को प्रमुखता दी, जिसमें उन्होंने माना कि ईरान युद्ध रिपब्लिकन पार्टी की चुनावी हार की एक वजह बना.

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आपके लिए नितिन श्रीवास्तव द्वारा चुनी गईं खास कहानियाँ

अल-अरबी अल-जदीद ने लिखा है कि अमेरिकी मतदाता ट्रंप को सज़ा दे रहे हैं.

अल-अरबी अल-जदीद के लेख में मोहम्मद अल-बेदेवी इस चुनाव को सत्तारूढ़ पार्टी की सामान्य चुनावी हार के बजाय ट्रंप के ख़िलाफ़ मतदाताओं की व्यक्तिगत नाराज़गी और उन्हें मिली सज़ा के रूप में पेश करते हैं.

उनका तर्क है कि ट्रंप ने चुनाव प्रचार और उम्मीदवारों के चयन के ज़रिए इस मुक़ाबले को अपने ऊपर जनमत संग्रह में बदल दिया. उन्होंने रिपब्लिकन उम्मीदवारों को अपनी अलोकप्रिय नीतियों से जोड़ दिया.

रिपोर्ट में चुनावी नतीजों को ईरान युद्ध, ईंधन की बढ़ती क़ीमतों, टैरिफ़ और आर्थिक वादे पूरे न होने से जोड़ा गया है. इसमें रिपब्लिकन पार्टी की हार की ज़िम्मेदारी सिर्फ़ प्रतिकूल चुनावी परिस्थितियों पर नहीं, बल्कि ट्रंप के फ़ैसलों पर भी डाली गई है.

भविष्य के संदर्भ में लेख का तर्क है कि इस हार के बाद ट्रंप या तो अपने रुख़ में नरमी ला सकते हैं या जवाबी कार्रवाई का रास्ता अपना सकते हैं.

लेख में जॉर्ज वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी के पीटर लोगे के हवाले से कहा गया है कि जब ट्रंप ख़ुद को घिरा हुआ महसूस करते हैं, तो वह और मुखर हो जाते हैं और हमले तेज़ कर देते हैं.

इसमें वीटो, कार्यकारी आदेशों और कांग्रेस की जांच को आने वाले टकराव के संभावित माध्यमों के रूप में देखा गया है.

इस विश्लेषण का खास पहलू है कि कांग्रेस में बहुमत गंवाने से सिर्फ़ ट्रंप की शक्तियां कम नहीं हो सकतीं, बल्कि यह भी बदल सकता है कि वे अपनी बची हुई शक्तियों का इस्तेमाल किस तरह करते हैं.

अल जज़ीरा अरबी ने राजनीति विज्ञानी जमाल कासमी का एक विश्लेषण प्रकाशित किया है. कासमी का तर्क है कि ट्रंप ने चुनाव प्रचार में सक्रिय रूप से हिस्सा लेकर और अपनी पसंद के वफ़ादार उम्मीदवारों पर ज़ोर देकर अपनी घटती लोकप्रियता को रिपब्लिकन उम्मीदवारों के लिए नुकसानदेह बना दिया. वह चुनावी हार के पीछे तीन प्रमुख वजहें बताते हैं:

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लेख में पूर्व राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू बुश के 2006 के चुनाव प्रचार से तुलना की गई है. उस समय बुश ने कमज़ोर स्थिति वाले उम्मीदवारों के साथ प्रचार में अपेक्षाकृत कम सक्रियता दिखाई थी. कासमी का सुझाव है कि ट्रंप भी कमज़ोर उम्मीदवारों से कुछ दूरी बनाकर चुनावी नुक़सान को सीमित कर सकते थे.

कासमी का अनुमान है कि अब राजनीतिक ध्यान 2028 के राष्ट्रपति चुनाव की ओर बढ़ेगा और ट्रंप के इर्द-गिर्द रहने वाली राजनीति कमज़ोर पड़ेगी.

अशरक अल-अवसत में राना अब्तर ने इस चुनाव को राजनीतिक अपमान या किसी नेता की व्यक्तिगत हार के बजाय संस्थागत शक्तियों के नज़रिये से समझने की कोशिश की है.

डेमोक्रेटिक पार्टी की रणनीतिकार निकोल ब्रेनर श्मिट्ज, रिपब्लिकन पार्टी के पूर्व संचार अधिकारी डगलस हे और 'द गार्डियन' के डेविड स्मिथ के साथ बातचीत के आधार पर लेख में बताया गया है कि कांग्रेस पर डेमोक्रेट्स का नियंत्रण होने से क्या व्यावहारिक बदलाव आ सकते हैं.

महत्वपूर्ण बात यह है कि विशेषज्ञों ने इन शक्तियों और इस धारणा के बीच अंतर किया है कि डेमोक्रेट्स की पहली प्राथमिकता महाभियोग चलाना ही होगी. लेख में इसका दूसरा पहलू भी सामने रखा गया है. कांग्रेस पर नियंत्रण का मतलब यह नहीं है कि डेमोक्रेट्स नीतिगत फ़ैसलों पर भी पूरा नियंत्रण हासिल कर लेंगे.

सीनेट में मतदान की ज़रूरी प्रक्रिया, राष्ट्रपति का वीटो और कार्यकारी आदेशों की शक्ति डेमोक्रेट्स की संभावनाओं को सीमित कर सकती है. लेख एक रणनीतिक चुनौती की ओर भी ध्यान दिलाता है. डेमोक्रेट्स के सामने सवाल होगा कि वे जवाबदेही तय करने को प्राथमिकता दें या 2028 से पहले आम लोगों के जीवन स्तर में सुधार दिखाने की कोशिश करें.

अल-कुद्स अल-अरबी में नेसरीन मलिक ने उस तर्क को प्रस्तुत किया है कि चुनावी हार से ट्रंप कमज़ोर तो हो सकते हैं, लेकिन इससे उन संस्थाओं, नीतियों और राजनीतिक तौर-तरीक़ों का अंत नहीं होगा जिन्हें उनके शासनकाल में बढ़ावा मिला.

इसमें प्रवासियों को लेकर क़ानूनों को लागू करने की व्यवस्था, सरकारी एजेंसियों, टैरिफ़ और विदेश नीति में किए गए बदलावों को पलटने की कठिनाइयों पर ज़ोर दिया गया है.

यह लेख ट्रंप के शासन के एक दौर के अंत और उनके राजनीतिक प्रभाव के पूरी तरह ख़त्म होने के बीच अंतर करता है.

इसमें डेमोक्रेट्स की भी आलोचना की गई है. लेख में विपक्षी पार्टी के भीतर उसकी राजनीतिक पहचान, पीढ़ीगत बदलाव, प्रगतिशील उम्मीदवारों और इसराइल के मुद्दे पर मतभेदों का ज़िक्र है.

इसमें चेतावनी दी गई है कि ट्रंप को चुनाव में हराना और उनके मुक़ाबले एक मज़बूत के साथ टिकाऊ राजनीतिक विकल्प तैयार करना दो अलग-अलग बातें हैं.

रिपब्लिकन पार्टी अगर ट्रंप की राजनीति के प्रमुख मुद्दों को बनाए रखती है, तो उसका मुक़ाबला ऐसी डेमोक्रेटिक पार्टी से हो सकता है जो मुख्य रूप से ट्रंप के विरोध के आधार पर एकजुट है.

इस विश्लेषण का खास पहलू है कि ट्रंप की चुनावी हार को ट्रंपवाद के निर्णायक अंत के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए.

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एक तरफ़ ट्रंप की चुनावी हार को ईरान के ख़िलाफ़ युद्ध की वजह से मिली राजनीतिक सज़ा के रूप में पेश किया जा रहा है. दूसरी तरफ़ कुछ विश्लेषणों में चेतावनी दी गई है कि कमज़ोर पड़ने के बावजूद ट्रंप ईरान के साथ टकराव का रास्ता अपना सकते हैं.

तेहरान टाइम्स में एहसान एतेसाम चुनावी नतीजों को इस बात का संकेत मानते हैं कि ट्रंप की विदेश नीति से जुड़े फ़ैसले अब रिपब्लिकन पार्टी के लिए चुनावी बोझ बनते जा रहे हैं.

उनका विश्लेषण ट्रंप के उस वादे और ईरान के साथ लंबे समय तक चले टकराव के बीच विरोधाभास पर केंद्रित है, जिसमें उन्होंने महंगे युद्धों से अमेरिका को दूर रखने की बात कही थी.

लेख में यह सवाल भी उठाया गया है कि क्या रिपब्लिकन पार्टी इसराइल के साथ अपने संबंधों पर फिर से विचार करेगी. इसमें ईरान युद्ध को ऐसा मुद्दा बताया गया है, जो सिर्फ़ एक राष्ट्रपति को नुक़सान पहुँचाने के बजाय पूरी पार्टी की राजनीतिक दिशा को प्रभावित कर सकता है.

हालांकि, लेखक यह भी स्वीकार करते हैं कि रिपब्लिकन पार्टी की हार के पीछे सिर्फ़ ईरान युद्ध ही एकमात्र वजह नहीं था.

लेख ट्रंपवाद के ख़त्म होने की भविष्यवाणी नहीं करता. इसमें रिपब्लिकन मतदाताओं के बीच ट्रंप के लगातार बने हुए प्रभाव और राष्ट्रपति के साथ सेना के सर्वोच्च कमांडर के रूप में उनकी शक्तियों को भी स्वीकार किया गया है.

ईरानी मीडिया की कवरेज में एक तरफ़ अमेरिकी चुनावी नतीजों को ट्रंप की ईरान नीति के ख़िलाफ़ जनमत के रूप में पेश किया जा रहा है. दूसरी तरफ़ कुछ विश्लेषण यह भी स्वीकार करते हैं कि चुनावी हार के बावजूद अमेरिका की विदेश नीति में तत्काल बदलाव की गारंटी नहीं है.

सबसे दिलचस्प पहलू यह है कि ईरानी मीडिया में भी चुनावी नतीजों को लेकर सिर्फ़ जश्न का नज़रिया नहीं है. कुछ विश्लेषण अमेरिकी कांग्रेस की भूमिका और ट्रंप की सीमित होती राजनीतिक ताक़त पर ध्यान देते हैं, जबकि अन्य चेतावनी देते हैं कि कमज़ोर राष्ट्रपति भी ईरान के ख़िलाफ़ सैन्य या आर्थिक दबाव बढ़ा सकता है.

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परिवार के साथ खाना खाया, कमरे में जाकर खुद को लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर दी जान • रकुल प्रीत सिंह ने शूर्पणखा में लाया दम, साई पल्लवी की भूमिका पर मिली मिश्रित प्रतिक्रिया • वक्फ बोर्ड के गठन की मांग: मौलाना शहाबुद्दीन ने सीएम योगी को लिखा पत्र, कहा- सूफी मुसलमानों को मिले कमान • विधान परिषद चुनाव में हार के बाद नीतीश कुमार की पार्टी कर रही मंथन, क्या हो रहा मीटिंग में? • रिव्यू त्रुटि से रेनेगेड्स को मिली जीत, विकेटकीपर की स्टम्पिंग बनी नो‑बॉल • आज समाप्त हो रही आवेदन की अंतिम तिथि, दिसंबर परीक्षा के लिए फॉर्म तुरंत भरें • बालू लदे हाईवा और यात्री ऑटो में जोरदार टक्कर,चालक सहित पांच घायल, तीन गंभीर • 1170 करोड़ की कुर्क संपत्तियों पर निगाहें, न्याय निर्णायक प्राधिकरण में अंतिम जब्ती का अदालत करेगी फैसला • सुनील लहरी ने रवि दुबे के लक्ष्मण पर टिप्पणी की, गाने पर आलोचना की • दिवाली पर चना दाल वाली क्रिस्पी पूड़ी का आसान तरीका • मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी की हार को अरब के मीडिया में कैसे देखा जा रहा है? • रोम उड़ान का मार्ग बदला, फ्रांस के सैन्य अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग • कुमार विश्वास ने 'रामायण' की स्पेशल स्क्रीनिंग में परिवार के साथ किया शानदार प्रवेश • मेडिकल कॉलेजों में प्रोफेसरों के 75 फीसदी से अधिक पद खाली, आयोग से मांगा जवाब • चुनावी झटके के बाद ट्रम्प टैरिफ नीति पर फिर से विचार करेंगे? भारत‑अमेरिका व्यापार डील पर क्या असर पड़ेगा • चेन्नई का चौंकाने वाला फैसला! खलील-एलिस को सनराइजर्स हैदराबाद में भेजा; बदले में लिए ये 2 खिलाड़ी • सम्राट सरकार का ग्रामीण विकास पर फोकस, 22 हजार करोड़ रुपये की योजनाएं मिशन में होंगी शामिल • गृह मंत्री का हरियाणा दौरा: करनाल में शाह ने कांग्रेस पर हमला, घुसपैठियों को चुन-चुनकर बाहर निकालेंगे • दिवाली पर बदली रहेगी यातायात व्यवस्था, बाजारों में वाहन प्रतिबंधित; एडवाइजरी जारी • राहुल गांधी को सिख समाज पर कथित टिप्पणी के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत • ट्रंप की मिडटर्म हार से 690 करोड़ रुपये का झटका, शेयरों में भारी गिरावट • बिहार में खौफनाक वारदात: 18 साल के युवक की गोली मारकर हत्या, नदी किनारे फेंका शव; एक आरोपी गिरफ्तार • अधिवक्ता हत्याकांड में नया खुलासा: 1 लाख में सिर्फ 50 हज़ार रुपये मिले, पूरी राशि मिलने पर आरोपी फरार हो जाते • बरेली में 26 हिंदू मतदाताओं के नाम काटने का आरोप, बीएलओ नफीस मोहम्मद खान निलंबित; जांच के आदेश • दिव्यांगता पर विजय, एशियन पैरा गेम्स में कांस्य पदक • POK में पाकिस्तान की सेना ने ड्रोन‑बमबारी, 3 की मौत, 18 घायल • स्विफ्ट टेलीस्कोप 22 साल बाद पृथ्वी पर गिरा, आगे सफ़ेद रोशनी, पीछे आग • दिल्ली में यमुना नदी कहां से गुज़रती है और इस पर क्या-क्या गुज़रती है? • ग्रेनो वेस्ट का गौड़ अंडरपास ट्रायल पर खुला, वाहनों ने तेज़ी से रफ्तार बढ़ाई • बिहार में शिक्षकों के तबादले की प्रक्रिया फिर शुरू: 30 नवंबर से ऑनलाइन आवेदन; 31 दिसंबर तक पूरी होगी प्रक्रिया • न सोना, न चांदी... फिर भी कीमत लाखों में! जयपुर की 9 ग्राम मिठाई 1,111 रुपये की • सोना‑चांदी के दीर्घकालिक रुझान उजागर, निवेशकों के लिए लक्ष्य स्तर निर्धारित • 5 से 17 नवंबर तक सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियाँ रद्द, डीजीपी ने जारी किया निर्देश • मायावती का 6 दिसंबर प्लान: लखनऊ में विशाल रैली, 2027 यूपी चुनाव की तैयारी • निरस्त कानून के तहत दाखिल अपील सुनवाई योग्य नहीं, जिला जज का आदेश हाईकोर्ट ने किया रद्द • अखिलेश यादव ने चेतावनी दी: आयोजकों को वैमनस्य फैलाने वाले कथाकारों से दूरी बनानी चाहिए • बिक्री में किस जिले ने किया प्रयोग? आतिशबाजी का समय तय, ऑनलाइन पर भी आदेश • यूजीसी के 2026 के समानता नियमों पर फिर से विचार, केंद्र सरकार समिति बनाकर समीक्षा करेगी • रामायण फिल्म की समीक्षा: भव्यता के पीछे छूटे भावनात्मक पहलू • कलाश्निकोव ने भारत में एंटी‑ड्रोन शॉटगन MP‑155 का लाइसेंसिंग उत्पादन शुरू किया • परिवार के साथ खाना खाया, कमरे में जाकर खुद को लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर दी जान • रकुल प्रीत सिंह ने शूर्पणखा में लाया दम, साई पल्लवी की भूमिका पर मिली मिश्रित प्रतिक्रिया • वक्फ बोर्ड के गठन की मांग: मौलाना शहाबुद्दीन ने सीएम योगी को लिखा पत्र, कहा- सूफी मुसलमानों को मिले कमान • विधान परिषद चुनाव में हार के बाद नीतीश कुमार की पार्टी कर रही मंथन, क्या हो रहा मीटिंग में? • रिव्यू त्रुटि से रेनेगेड्स को मिली जीत, विकेटकीपर की स्टम्पिंग बनी नो‑बॉल • आज समाप्त हो रही आवेदन की अंतिम तिथि, दिसंबर परीक्षा के लिए फॉर्म तुरंत भरें • बालू लदे हाईवा और यात्री ऑटो में जोरदार टक्कर,चालक सहित पांच घायल, तीन गंभीर • 1170 करोड़ की कुर्क संपत्तियों पर निगाहें, न्याय निर्णायक प्राधिकरण में अंतिम जब्ती का अदालत करेगी फैसला • सुनील लहरी ने रवि दुबे के लक्ष्मण पर टिप्पणी की, गाने पर आलोचना की • दिवाली पर चना दाल वाली क्रिस्पी पूड़ी का आसान तरीका • मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी की हार को अरब के मीडिया में कैसे देखा जा रहा है? • रोम उड़ान का मार्ग बदला, फ्रांस के सैन्य अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग • कुमार विश्वास ने 'रामायण' की स्पेशल स्क्रीनिंग में परिवार के साथ किया शानदार प्रवेश • मेडिकल कॉलेजों में प्रोफेसरों के 75 फीसदी से अधिक पद खाली, आयोग से मांगा जवाब • चुनावी झटके के बाद ट्रम्प टैरिफ नीति पर फिर से विचार करेंगे? भारत‑अमेरिका व्यापार डील पर क्या असर पड़ेगा • चेन्नई का चौंकाने वाला फैसला! खलील-एलिस को सनराइजर्स हैदराबाद में भेजा; बदले में लिए ये 2 खिलाड़ी • सम्राट सरकार का ग्रामीण विकास पर फोकस, 22 हजार करोड़ रुपये की योजनाएं मिशन में होंगी शामिल • गृह मंत्री का हरियाणा दौरा: करनाल में शाह ने कांग्रेस पर हमला, घुसपैठियों को चुन-चुनकर बाहर निकालेंगे • दिवाली पर बदली रहेगी यातायात व्यवस्था, बाजारों में वाहन प्रतिबंधित; एडवाइजरी जारी • राहुल गांधी को सिख समाज पर कथित टिप्पणी के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत • ट्रंप की मिडटर्म हार से 690 करोड़ रुपये का झटका, शेयरों में भारी गिरावट • बिहार में खौफनाक वारदात: 18 साल के युवक की गोली मारकर हत्या, नदी किनारे फेंका शव; एक आरोपी गिरफ्तार • अधिवक्ता हत्याकांड में नया खुलासा: 1 लाख में सिर्फ 50 हज़ार रुपये मिले, पूरी राशि मिलने पर आरोपी फरार हो जाते • बरेली में 26 हिंदू मतदाताओं के नाम काटने का आरोप, बीएलओ नफीस मोहम्मद खान निलंबित; जांच के आदेश • दिव्यांगता पर विजय, एशियन पैरा गेम्स में कांस्य पदक • POK में पाकिस्तान की सेना ने ड्रोन‑बमबारी, 3 की मौत, 18 घायल • स्विफ्ट टेलीस्कोप 22 साल बाद पृथ्वी पर गिरा, आगे सफ़ेद रोशनी, पीछे आग • दिल्ली में यमुना नदी कहां से गुज़रती है और इस पर क्या-क्या गुज़रती है? • ग्रेनो वेस्ट का गौड़ अंडरपास ट्रायल पर खुला, वाहनों ने तेज़ी से रफ्तार बढ़ाई • बिहार में शिक्षकों के तबादले की प्रक्रिया फिर शुरू: 30 नवंबर से ऑनलाइन आवेदन; 31 दिसंबर तक पूरी होगी प्रक्रिया • न सोना, न चांदी... फिर भी कीमत लाखों में! जयपुर की 9 ग्राम मिठाई 1,111 रुपये की • सोना‑चांदी के दीर्घकालिक रुझान उजागर, निवेशकों के लिए लक्ष्य स्तर निर्धारित • 5 से 17 नवंबर तक सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियाँ रद्द, डीजीपी ने जारी किया निर्देश • मायावती का 6 दिसंबर प्लान: लखनऊ में विशाल रैली, 2027 यूपी चुनाव की तैयारी • निरस्त कानून के तहत दाखिल अपील सुनवाई योग्य नहीं, जिला जज का आदेश हाईकोर्ट ने किया रद्द • अखिलेश यादव ने चेतावनी दी: आयोजकों को वैमनस्य फैलाने वाले कथाकारों से दूरी बनानी चाहिए • बिक्री में किस जिले ने किया प्रयोग? आतिशबाजी का समय तय, ऑनलाइन पर भी आदेश • यूजीसी के 2026 के समानता नियमों पर फिर से विचार, केंद्र सरकार समिति बनाकर समीक्षा करेगी • रामायण फिल्म की समीक्षा: भव्यता के पीछे छूटे भावनात्मक पहलू • कलाश्निकोव ने भारत में एंटी‑ड्रोन शॉटगन MP‑155 का लाइसेंसिंग उत्पादन शुरू किया •