MCX Gold Silver Prices: तेल की आग में सोना-चांदी भी पिघल रहे हैं। सोने-चांदी के भाव एक बार फिर धड़ाम हो गए हैं। घरेलू कमोडिटी मार्केट में आज 10 ग्राम सोने का भाव 1265 रुपये सस्ता होकर 150935 रुपये पर आ गया है। जबकि, चांदी के रेट में बड़ी गिरावट है। आज एसीएक्स सिल्वर 2800 रुपये टूटकर 231050 रुपये प्रति किलो पर आ गई। सोने-चांदी के ये रेट स्पॉट प्राइस नहीं है। ये वायदा भाव हैं। एमसीएक्स पर जो रेट चल रहे हैं, उसके आसपास ही सर्राफा बाजारों में सोने-चांदी के रेट खुलते हैं।
अगर एमसीएक्स पर सोने-चांदी के रेट में गिरावट होती है तो इन मेटल्स में निवेश करने वालों को नुकसान होता है और सर्राफा बाजारों में गहने खरीदने वालों को फायदा। ऐसे में एक ही समय पर सोने-चांदी के दो अलग-अलग खरीदारों को मायूसी और खुशी मिलती है।
एमसीएक्स के आंकड़ों के अनुसार, 29 जनवरी को सोना 1,93,096 रुपये के रिकॉर्ड हाई पर था और तब से लेकर आज की डेट तक 42161 रुपये तक सस्ता हो चुका है। वहीं, एमसीएक्स सिल्वर का ऑल टाइम हाई 4,20,048 रुपये है और यह 188998 रुपये सस्ता हो चुका है।
महंगा तेल सोने के लिए बना नया खतरा: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच ब्रेंट क्रूड 108 डॉलर प्रति बैरल के पार चला गया है। इससे वैश्विक तेल सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी है। महंगा तेल अगर लंबे समय तक बना रहता है तो इससे महंगाई बढ़ने का खतरा रहता है। ऐसे में केंद्रीय बैंक ब्याज दरों को ज्यादा समय तक ऊंचा रख सकते हैं।
अमेरिकी महंगाई : महंगाई के ताजा आंकड़ों और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने बाजार में यह उम्मीद मजबूत कर दी है कि फेडरल रिजर्व इस महीने ब्याज दरों में बढ़ोतरी कर सकता है। इसका असर सोने पर पड़ा और बुलियन की कीमत एक समय 1.7% तक गिर गई।
सोने में गिरावट के साथ अमेरिकी डॉलर और बॉन्ड यील्ड में तेजी आई। ऊंची ब्याज दरें ऐसे सोने के लिए नुकसानदेह होती हैं, जिस पर कोई ब्याज या नियमित आय नहीं मिलती।
फेड की दर बढ़ाने की संभावना 70% तक पहुंची: अमेरिकी उत्पादक मूल्य यानी PPI के आंकड़ों के बाद ब्याज दरों के बाजार में फेड की अगली बैठक को लेकर उम्मीद तेजी से बदली है। स्वैप मार्केट में अब अगले सप्ताह फेड की बैठक में ब्याज दर बढ़ाए जाने की करीब 70% संभावना मानी जा रही है। गुरुवार को यह संभावना करीब 60% थी।
वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल की मानें तो सोने में निवेश करने वालों के लिए डराने और गहने खरीदने वालों को डराने वाली खबर है। WGC ने चेतवानी दी है कि आने वाले दिनों में गोल्ड 3500 डॉलर प्रति औंस तक गिर सकता है। जनवरी में हाई से 37 प्रतिशत नीचे तक सोने का भाव गिर सकता है।
अगर इंटरनेशनल मार्केट में सोना 3857 डॉलर प्रति औंस के लेवल को तोड़ता है तो निवेश कर चुके लोगों के लिए काफी नुकसान उठाना पड़ सकता है जबकि, सस्ता सोना खरीदने का इंतजार करने वालों लोगों के लिए बल्ले-बल्ले जैसी स्थिति है।
अगर 3500 डॉलर के आसपास सोने के भाव आ जाते हैं तो यह करीब 1.30 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ जाएगा। बता दें सोने को ट्रैक करने वाली दुनिया की सबसे बड़ी एजेंसी वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल है। जनवरी में सोना 5700 डॉलर के आसपास था।
केडिया कमोडिटिज के प्रेसीडेंट अजय केडिया ने दावा किया है कि इस साल तो सोना 1.70 से 1.80 लाख रुपसे प्रति 10 ग्राम तक पहुंच सकता है, लेकिन साल-डेढ़ साल में अगर यह 2 लाख के पार भी जा सकता है।
उन्होंने इसके पीछे डी-डॉलराइजेशन को महत्वपूर्ण कारण माना है। अगर इंटरनेशनल मार्केट में सोना 4300 डॉलर प्रति औंस पर टिक जाता है तो यह 4600 डॉलर तक पहुंच सकता है। डेढ़ साल में 6000 डॉलर तक पहुंच सकता है।
(डिस्क्लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। कमोडिटी मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)
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